राष्ट्रीय डिमेंशिया जागरूकता सप्ताहः बुजुर्गों का रखें ख्याल, तभी रहेंगे खुशहाल
 

 
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नोएडा। जनपद में राष्ट्रीय डिमेंशिया जागरूकता सप्ताह मनाया जा रहा है। 25 सितम्बर तक चलने वाले इस सप्ताह में प्रतिदिन जगह-जगह जागरूकता कार्यक्रम-गोष्ठी के माध्यम से लोगों को डिमेंशिया के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम की टीम लोगों को इस बीमारी के लक्षण और बचने के तरीके बता रही है।
डिमेंशिया जागरूकता सप्ताह के अंतर्गत बृहस्पतिवार को मोरना स्थित रोडवेज बस स्टेंड पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम की टीम ने अल्जाइमर एवं डिमेंशिया के लक्षण बताए। याददाश्त में कमी, रोजमर्रा के कार्यों को करने में परेशानी, चिड़चिड़ापन आदि इसके प्रमुख लक्षण हैं। 60-65 वर्ष की उम्र में होने वाली इस बीमारी में व्यक्ति हाल की घटना- बातों को भूल जाता है, लेकिन उसे पुरानी सभी बातें-घटना याद रहती हैं। टीम ने बचाव के लिए निरंतर व्यायाम, पौष्टिक खानपान व मानसिक तनाव से बचकर रहने की सलाह दी। उपस्थित लोगों को बताया गया कि वह अपने बुजर्गों का ख्याल रखें, उन्हें अकेलापन महसूस न होने दें। समय निकालकर उनसे बातें करें, उनकी बातों को नजरअंदाज कतई न करें बल्कि उनको ध्यान से सुनें। ऐसे कुछ उपाय करें कि उनका मन व्यस्त रहे, उनकी मनपसंद चीजों का ख्याल रखें। तय समय पर सोने-जागने, भोजन की व्यवस्था का ध्यान रखें। 
कार्यक्रम का संचालन उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के गौतमबुद्ध नगर के प्रबंधक नरेश पाल सिंह ने किया। स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम की टीम के सदस्य के रूप में साइकेट्रिस्ट डॉ. तनुजा गुप्ता, क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट नीति सिंह, साइकेट्रिस्ट सोशल वर्कर. डॉ. रजनी सूरी, साइकेट्रिस्ट नर्स सोनी, कम्युनिटी नर्स शिवानी ने लोगों को बीमारी के लक्षण, बचाव व उपचार के बारे में बताया।

विश्व अल्जाइमर्स दिवस पर 21 सितम्बर को नोएडा सेक्टर 105 स्थित ओल्ड एज होम “आंगन” में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. सुनील कुमार शर्मा, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी एवं मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डा. राघवेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम की टीम ने यहां रह रहे बुजुर्गों को डिमेंशिया के लक्षण, कारण बचाव के बारे में विस्तार से बताया। इसके साथ ही अन्य मानसिक रोगो के लक्षण उपचार की भी जानकारी दी।
वक्ताओं ने बताया- अल्जाइमर्स मस्तिष्क से जुड़ी बीमारी है, जिससे व्यक्ति अपनी याददाश्त की कमी, खाने पीने व रोजमर्रा की जरूररतों को पूरा करने में कठिनाई का सामना करता है। बुधवार को इसी क्रम में मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में हस्ताक्षर अभियान कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें अधिकारियों व कर्मचारियों ने भाग लिया।

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