शामली में ईद पर्व को लेकर बाजारों में बढ़ी रौनक, महंगाई के चलते लोगों की जेबें ढ़ीली
शामली। ईद उल अजहा पर्व को लेकर बुधवार शाम बाजारों में खूब रौनक रही। शहर के बाजारों में खरीदारी को लोगों की भीड उमडी। सबसे ज्यादा खरीदारी किरयाना की दुकानों पर मेवे और मसालों की हुई। बकरीद के मौके पर महंगाई की मार के चलते लोगों की जेबे भी खूब ढीली हुई है, लेकिन उसके […]
शामली। ईद उल अजहा पर्व को लेकर बुधवार शाम बाजारों में खूब रौनक रही। शहर के बाजारों में खरीदारी को लोगों की भीड उमडी। सबसे ज्यादा खरीदारी किरयाना की दुकानों पर मेवे और मसालों की हुई। बकरीद के मौके पर महंगाई की मार के चलते लोगों की जेबे भी खूब ढीली हुई है, लेकिन उसके बावजूद खरीदारों की बाजारों में कोई कमी नजर नही आई।
ईद उल अजहा पर्व से एक दिन पहले बुधवार को बाजारों में खरीदारी करने वालों की जमकर भीड रही। दिनभर किरयाना की दुकानों पर महिला और पुरूष खरीदारी करते रहे। शहर के बडा बाजार, कबाडी बाजार, गांधी चैक, नया बाजार, दिल्ली रोड स्थित दुकानों पर खरीदारी करने के लिए मुस्लिम समाज के लोग पहुंचे थे। किरयाना की दुकानों से मेवे, काजू, बादाम के अलावा मसालों की खरीदारी की गई। पिछले वर्ष के मुकाबले इस बार पसालों पर महंगाई की ज्यादा मार रही।
महंगाई के चलते लोगों की जेबे ढीली हो गई। बकरीद को लेकर खरीदारी करने पहंुचे मौहम्मद जमील ने बताया कि पिछले साल के मुकाबले बाजारी में महंगाई दो गुणा से भी ज्यादा हो गई है। महंगाई के चलते सामान की खरीदारी कम की जा रही है। वो ही सामान खरीदा गया है जिसकी जरूरत थी। सरकार को चाहिए कि बढती महंगाई पर अंकुश लगाए।
वही दुकानदार संजीव कुमार ने बताया कि महंगाई का मुख्य कारण विदेशों से आने वाले सामान का अचानक बंद होना है। तो वस्तुऐं विदेशों से सस्ती आती थी वह पिछले लंबे समय से आनी बंद हो गई है।
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