शामली में अधिकारियों के आफिस के चक्कर काट रही 9 माह की गर्भवती दिव्यांग महिला, ससुरालियों पर गंभीर आरोप लगाए
शामली। जनपद में दहेज उत्पीड़न का मामला सामने आया है, जिसको लेकर एक 9 माह की गर्भवती दिव्यांग महिला अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर काट रही है। आरोप है कि पति व ससुरालियों ने दहेज की मांग को लेकर महिला को मारपीट कर घर से निकाल दिया है। पिछले कई दिनों से पीड़ित महिला दर-दर […]
शामली। जनपद में दहेज उत्पीड़न का मामला सामने आया है, जिसको लेकर एक 9 माह की गर्भवती दिव्यांग महिला अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर काट रही है। आरोप है कि पति व ससुरालियों ने दहेज की मांग को लेकर महिला को मारपीट कर घर से निकाल दिया है। पिछले कई दिनों से पीड़ित महिला दर-दर की ठोकरें खा रही है। पीड़िता का आरोप है कि पुलिस भी शिकायत पर कोई एक्शन नहीं ले रही है.जिससे मजबूर होकर पीड़िता को ऐसी स्थिति में अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
दरअसल मामला आदर्शमंडी थाना क्षेत्र के गांव कसेरवा का है। जहां पर 2 वर्ष पूर्व एक दिव्यांग महिला की शादी कसेरवा निवासी फिरोज के साथ हुई थी। पीडित महिला का नाम मुस्कान है जोकि शामली जनपद के कस्बा झिंझाना की रहने वाली है।
पीड़ित महिला का आरोप है कि 1 वर्ष तक तो उसके ससुरालियों ने उसे अच्छी तरह रखा लेकिन बाद में पति व ससुरालियों ने दहेज की मांग करना शुरू कर दिया। दहेज की मांग को लेकर पति व ससुरलिया पीड़िता से मारपीट करने लगे, मामला इतना बढ़ गया कि अब पति व ससुरालियों ने महिला को मारपीट कर घर से निकाल दिया है हालांकि पीड़िता अब 9 माह की गर्भवती है और वह पैरों से विकलांग है ऐसी स्थिति में महिला अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर काट रही है।
पीड़िता का कहना है कि पुलिस शिकायत पर आरोपियों के विरुद्ध कोई एक्शन नहीं ले रही है। जिसके चलते पीडिता आज सिटी ऑफिस पहुंची है और शिकायत पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू कर दी है.अब देखना यह है कि 9 माह की गर्भवती दिव्यांग महिला को कब तक इंसाफ मिलेगा।
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