नेताजी के स्वागत में डाली गई माला दे सकती है टेंशन, चुनाव आयोग ने चुनावी खर्चों की रेट लिस्ट की तय

 
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मेरठ। उत्तर प्रदेश में होने जा रहा विधानसभा चुनाव काफी रोचक हो गया है। जहां एक और राजनैतिक दल दूसरे दलों के कार्यकर्ताओं को जोड़ने और तोड़ने में लगे हैं। वहीं, इसी बीच चुनाव आयोग अपनी तैयारियों में जुटा है। अब माननीय के स्वागत में डाली गई माला भी उन्हें पसीना दिला सकती है, इसकी वजह साफ है क्योंकि चुनाव आयोग ने स्वागत सत्कार में डाली गई माला का खर्चा भी प्रत्याशी के खाते में जोड़ने का फैसला लिया है।
चुनाव आयोग ने चुनावी खर्चे की दरें तय कर दी हैं। इनकी सूची भी सभी राजनैतिक दलों को उपलब्ध करा दी गई हैं। चुनाव आयोग द्वारा तय की गई चुनावी खर्चे की रेट लिस्ट में प्रचार वाहन से लेकर स्टेज, पंपलेट, पोस्टर, बैनर यहां तक कि चाय नाश्ता और फूल माला की दरें भी तय की है। कोषाधिकारी के मुताबिक नेताजी के गले में डाली जाने वाली गुलाब की माला के रूप में उन्हें 50 से 100 रुपये तक और गेंदा की माला के रूप में 20 से 50 रुपये तक का खर्चा उनके चुनावी खर्चे में जोड़ा जाएगा। चुनाव आयोग द्वारा कुर्सियों की रेट भी अलग-अलग तय किए गए हैं। इनमें फैंसी कुर्सी का खर्चा 12 रुपये और सादा कुर्सी का खर्चा सात रुपये प्रतिदिन के हिसाब से है जबकि सोफा का खर्चा 80 रुपये प्रत्याशी के खाते में जुड़ेगा।
चुनाव प्रचार में प्रयोग किए जाने वाले वाहनों का खर्चा भी चुनाव आयोग ने तय किया है। इसमें क्रेटा, ब्रिजा, वैगन आर और इंडिका कार से चुनाव करने पर 1067 रुपये प्रतिदिन, इसके अलावा स्कॉर्पियो, तवेरा, इनोवा, बोलेरो से प्रचार करने पर 1565 रुपये प्रतिदिन खर्चा प्रत्याशी के चुनावी खर्च में जोड़ा जाएगा। कार्यालय पर कार्यकर्ताओं के लिए डाले जाने वाले फोम के गद्दे का खर्चा भी 20 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से है जबकि उन्हें नाश्ता कराने का खर्चा 10 रुपये पूरी और कचौड़ी प्रति प्लेट के हिसाब से तय किया गया है।

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