देहरादून। उत्तराखंड के देहरादून में शनिवार को स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया, सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन्स , अंबेडकर युवक संघ, संत शिरोमणि गुरु रविदास सभा और भीम आर्मी ने अंकिता भंडारी व सरधना मेरठ की घटना के विरोध में कैंडल मार्च निकाला।
यह मार्च करनपुर छात्रावास से डीएल चौक तक निकाला गया और 11 जनवरी के बंद को सफल बनाने का जनता से आह्वान किया गया।
विभिन्न वक्ताओं ने एक सुर में राजपुर विधायक खजान दास और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के बयान का कड़ा विरोध किया। कहा कि दलित समाज बलात्कारियों और हत्यारों को कभी बर्दाश्त नहीं करेगा।
इस मौके पर सीटू के जिला सचिव लेखराज ने कहा कि मुख्यमंत्री धामी और योगी महिलाओं के खिलाफ हिंसा रोकने में विफल हैं। अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए की गई सीबीआई जांच की संस्तुति मात्र एक कोरी घोषणा है, यह जांच एक सुप्रीम कोर्ट के जज की निगरानी में होनी चाहिए। साथ ही कल के बंद को सफल बनाने की अपील की और उनकी यूनियन बंद में शामिल होगी। उन्होंने बताया कि बस, ऑटो, ड्राइवर, कंडक्टर, ई-रिक्शा, सेलाकुई, राजा रोड, विकासनगर यूनियनों ने बंद को समर्थन दिया है। जिला रविदास सभा के अध्यक्ष और भीम आर्मी के उपाध्यक्ष उमेश कुमार ने कहा कि हम अंकिता भंडारी और मेरठ हुई दोनों घटनाओं का विरोध करते हैं।
भारतीय जनता पार्टी के बलात्कारियों को बचाने का विरोध करते हैं तथा भीम आर्मी इसका पुरजोर विरोध करती है और बंद का समर्थन करती है।सं सैनी