अर्धकुंभ 2027 होगा हाई-टेक: हरिद्वार में बनेगा देश का सबसे बड़ा एआई कंट्रोल रूम, 27,500 कैमरों से होगी निगरानी
Haridwar News: हरिद्वार में 2027 के अर्धकुंभ मेले की तैयारियों ने रफ्तार पकड़ ली है। मेला प्रशासन पहली बार तकनीक को सुरक्षा की रीढ़ बनाने जा रहा है, जहां एआई-आधारित कंट्रोल रूम के जरिए विशाल मेला क्षेत्र की 24×7 निगरानी संभव होगी। पूरे क्षेत्र में 27,500 सीसीटीवी कैमरों का नेटवर्क स्थापित किया जाएगा।
हरिद्वार-ऋषिकेश देवप्रयाग तक एक ही कंट्रोल रूम से निगरानी
हाई-टेक मॉनिटरिंग के लिए 30 करोड़ का बजट
लगभग 30 करोड़ की लागत से बनने वाला यह कंट्रोल रूम अत्याधुनिक तकनीक से लैस होगा। हाईपावर कमेटी इसकी मंजूरी दे चुकी है और इस सप्ताह भवन निर्माण की निविदा जारी होने वाली है।
27,500 कैमरों से बन रही सुरक्षा की डिजिटल ढाल
पूरे मेला क्षेत्र में लगाए जाने वाले 27,500 सीसीटीवी कैमरे एआई-सक्षम होंगे, जो भीड़ के घनत्व, असामान्य गतिविधियों, सुरक्षा उल्लंघन और आपात परिस्थितियों का स्वतः विश्लेषण कर अलर्ट भेजेंगे। यह नेटवर्क रुड़की से लेकर देवप्रयाग तक फैलेगा।
लाइव फीड से भीड़, घाटों और पार्किंग की मॉनिटरिंग
कैमरों से मिलने वाली लाइव फीड के आधार पर घाटों की सुरक्षा, पार्किंग प्रबंधन, सफाई व्यवस्था, पब्लिक एड्रेस सिस्टम, डिजिटल सिग्नलिंग और रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार मॉनिटर किए जाएंगे। यह सिस्टम कांवड़ यात्रा और अन्य स्नान पर्वों में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
पुराने सीसीआर भवन का भी होगा आधुनिकीकरण
मौजूदा सीसीआर भवन को भी आधुनिक संसाधनों से मजबूत किया जाएगा। नए सीसीआर-2 के साथ पुराने भवन की विद्युत प्रणाली, फायर अलार्म, सोलर सपोर्ट और संरचनात्मक मरम्मत कर उसे आधुनिक स्वरूप दिया जाएगा।
चार मंजिला नए सीसीआर-2 में बनेगा हाई-टेक कंट्रोल रूम
सीसीआर-2 के चार मंजिला भवन में मुख्य प्रशासनिक कार्यालय, इमरजेंसी मैनेजमेंट सेंटर, बैठक कक्ष और विभिन्न विभागों के कक्ष होंगे। इसी भवन में एआई-आधारित हाई-टेक कंट्रोल रूम भी स्थापित किया जाएगा।
मेले में त्वरित रेस्क्यू के लिए हेलीपैड की तैयारी
श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए सीसीआर-2 भवन की छत पर हेलीपैड बनाने का प्रस्ताव है। इसको लेकर उत्तराखंड सिविल एविएशन डेवलपमेंट अथॉरिटी (यूकाडा) की विशेषज्ञ टीम ने स्थल का सर्वेक्षण कर संरचना और तकनीकी पहलुओं का निरीक्षण किया
