हरियाणा का बेटा रोहित धनखड़ नहीं रहा: बारात में शालीनता का संदेश देने पर रास्ते में घेरकर की गई हत्या
Haryana News: भिवानी में एक दर्दनाक घटना उस समय सामने आई, जब शादी समारोह में युवकों द्वारा अभद्र भाषा के प्रयोग का विरोध करना एक नेशनल पावरलिफ्टर की जान पर भारी पड़ गया। रोहित धनखड़, जो पावर लिफ्टिंग में सात बार नेशनल लेवल पर देश का नाम रोशन कर चुके थे, को करीब 20 युवकों ने घेरकर बेरहमी से पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया।
बारात में विवाद से शुरू होकर हत्या तक पहुंचा मामला
फाटक बंद मिला तो बनी मौत की घात
रोहित और उनका दोस्त जतिन जैसे ही घर लौटने के लिए निकले, आरोपितों ने उनका पीछा किया। रास्ते में फाटक बंद मिलने के कारण गाड़ी रुक गई और तभी हथियारबंद करीब 20 युवक वहां पहुंच गए। रोहित और जतिन ने भागने की कोशिश की, लेकिन आरोपियों ने रोहित को पकड़ लिया और डंडों व लाठियों से बुरी तरह पीटना शुरू कर दिया। शरीर पर गंभीर चोटों के निशान इस क्रूरता का सबूत थे।
अस्पताल में रातभर जिंदगी से जंग, सुबह ने छीन ली सांसें
जतिन किसी तरह जान बचाकर भागा और बाद में गंभीर रूप से घायल रोहित को अस्पताल पहुंचाया। उन्हें पीजीआईएमएस रोहतक भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने रातभर जान बचाने की कोशिश की। लेकिन रविवार सुबह लगभग 10 बजे रोहित की मौत हो गई। परिवार ने आरोप लगाया है कि यह घटना सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
पिता के बाद परिवार का सहारा भी चला गया
रोहित के पिता सत्यवान धनखड़ की 2016 में हार्ट अटैक से मौत हो चुकी थी। मां ने सिलाई करके रोहित और बहन की परवरिश की थी। रोहित घर का एकमात्र सहारा था और जिम ट्रेनिंग देकर परिवार चलाता था। परिवार उसकी शादी की तैयारी में जुटा हुआ था, लेकिन यह खुशनुमा सपना भी उसके साथ ही दम तोड़ गया।
परिजनों की मांग- दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले
रोहित के चाचा सतीश धनखड़ का कहना है कि वह सिर्फ न्याय चाहते हैं। उनका आरोप है कि अपराधियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाना चाहिए। परिवार और स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन से कठोर कार्रवाई की मांग की है, ताकि ऐसे अपराध दोबारा न हों।
