Friday, April 4, 2025

गाजियाबाद तहसील सदर के चार सब रजिस्ट्रार सस्पेंड,एसआईटी जांच के बाद हुआ फैसला

गाजियाबाद। गाजियाबाद की सदर तहसील के चार सब रजिस्ट्रार फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी की एसआईटी जांच के बाद ससपेंड किये गए हैं। शासन ने जिन चार सब रजिस्ट्रारों को सस्पेंड किया गया है उनमें रविन्द्र मेहता, अवनीश राय, सुरेश चंद्र मौर्य और नवीन राय हैं। आधिकारिक सूत्र बताते हैं कि इनके खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट भी दर्ज की जाएगी।

फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी की एसआईटी जांच चल रही थी। जो पिछले दिनों ही पूरी हुई है। जनवरी 2023 को प्रमुख सचिव स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन वीना कुमारी ने गाजियाबाद एवं नोएडा में पॉवर ऑफ अटॉर्नी के रजिस्ट्रेशन को प्रतिबंधित करने का आदेश जारी किया था।

शासन को शक था कि इन दोनों जिलों में कई राज्यों की पावर ऑफ अटॉर्नी के रजिस्ट्रेशन के जरिये संपत्ति के अवैध ट्रांसफर में किसी बड़े गैंग का हाथ है। शासन ने उप निबंधकों की भूमिका पर भी शक जाहिर किया था। इस पूरे प्रकरण की एसआईटी से जांच कराई जा रही थी।

स्टांप एवं पंजीयन विभाग के अधिकारियों के अनुसार गाजियाबाद और नोएडा में पिछले कुछ महीनों में पॉवर ऑफ अटॉर्नी के रजिस्ट्रेशन की बाढ़ सी आई। तीन महीने में 25 हजार से ज्यादा लोगों ने पॉवर ऑफ अटॉर्नी कराई।

महत्वपूर्ण बात ये थी कि इसमें बड़ी संख्या में गैर राज्यों के लोग भी थे। शासन को इस बात पर शक हुआ और फिर एसआईटी से जांच कराने का आदेश दिया गया।

सुप्रीम कोर्ट भी एक विशेष अनुमति याचिका की सुनवाई में कह चुका है कि पॉवर ऑफ अटॉर्नी से किसी अचल संपत्ति का स्वामित्व नहीं बनता है। इसका इस्तेमाल हस्तांतरण विलेख के रूप में नहीं किया जा सकता।

- Advertisement -

Royal Bulletin के साथ जुड़ने के लिए अभी Like, Follow और Subscribe करें |

 

Related Articles

STAY CONNECTED

75,563FansLike
5,519FollowersFollow
148,141SubscribersSubscribe

ताज़ा समाचार

सर्वाधिक लोकप्रिय