मेरठ। असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी ऑल इंडिया मजलिस इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) ने अखिल भारतीय हिंदू सुरक्षा संगठन का राष्ट्रीय अध्यक्ष होने का दावा करने वाले सचिन सिरोही पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत कार्रवाई करने की मांग की है।
एआईएमआईएम के जिलाध्यक्ष चौधरी फईम एडवोकेट ने कहा कि उन्होंने इस मामले में आज एसएसपी मेरठ से मिलकर उन्हें अपनी पार्टी की तरफ से एक ज्ञापन भी दिया है। ज्ञापन में सचिन सिरोही को जिला बदर करने की भी मांग की गई है। एआईएमआईएम नेता के अनुसार ज्ञापन में कहा गया है कि सचिन सिरोही नामक व्यक्ति द्वारा मस्जिद में तोड़फोड़ व धार्मिक नारेबाजी करने के आरोप में मामूली धाराओ में मुकदमा पंजीकृत कराया गया था। जबकि आरोपी आये दिन दो समुदायों के बीच झगड़ा-फसाद कराने पर आमादा रहता है।
हमारी मांग है कि सचिन सिरोही के खिलाफ यूएपीए में मुकदमा पंजीकृत कर जिला बदर की कार्रवाई की जाए। जिससे शहर व देश का माहौल खराब करने वालो के सबक मिल सके। ज्ञापन देने वालों में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन के पश्चिमी उत्तर प्रदेश अध्यक्ष महताब चौहान,महानगर अध्यक्ष इमरान अंसारी,वार्ड 71 के पार्षद फजल करीम,वार्ड 75 के अध्यक्ष फईम अंसारी ,शाहरुख अंसारी,हैदर अंसारी आदि पार्टी नेता शामिल रहे।
बता दें कि उत्तर प्रदेश के मेरठ में छावनी क्षेत्र में एक मस्जिद के निकट हनुमान चालीसा पढ़ने और सांप्रदायिक सद्भाव बिगाड़ने के आरोप में अखिल भारतीय हिंदू सुरक्षा संगठन का राष्ट्रीय अध्यक्ष होने का दावा करने वाले सचिन सिरोही नाम के एक व्यक्ति और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय सहिंता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस की रिपोर्ट के मुताबिक, सिरोही और उसके कुछ साथियों ने सोमवार को मस्जिद के बाहर विरोध प्रदर्शन किया और धर्म विरोधी नारे लगाए थे, इसके बाद उन्होंने मस्जिद के पास हनुमान चालीसा पढ़ा और मस्जिद को गिराने की धमकी दी। इस घटना से राहगीरों और स्थानीय लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई।