नई दिल्ली। विश्वास नगर से विधायक ओ.पी. शर्मा ने विधानसभा में आरोप लगाया कि पिछली सरकार ने उनके विधानसभा क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना को नज़रअंदाज किया था। उन्होंने कहा कि दिल्ली में सभी विधानसभा क्षेत्रों में 2000 सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने थे, लेकिन कुछ क्षेत्रों को इस योजना का लाभ नहीं मिला।
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विधायक विजेंद्र गुप्ता और अभय वर्मा ने भी इस मुद्दे को उठाते हुए सरकार से पूछा कि कुछ विधानसभा क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरे क्यों नहीं लगाए गए। उनका कहना था कि अगर यह योजना पूरे शहर के लिए थी, तो उनके क्षेत्रों को इससे वंचित क्यों रखा गया?
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इस पर लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) मंत्री प्रवेश वर्मा ने जवाब देते हुए कहा कि वह इस मामले की जांच करवाएंगे और यदि कोई अनियमितता पाई गई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि जिन विधानसभा क्षेत्रों में पहले सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए थे, वहां जल्द से जल्द इन्हें लगाया जाएगा।
गौरतलब है कि विपक्ष के 21 विधायकों के निलंबन के बाद सदन की कार्यवाही में केवल सत्ताधारी बीजेपी विधायक ही उपस्थित थे। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने सदन में उत्तर प्रदेश में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट और जी-20 सम्मेलन के सफल आयोजन के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद दिया।
इसके बाद विभिन्न विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं को सदन में उठाया। सीसीटीवी कैमरों का मुद्दा भी उन्हीं में से एक रहा, जिसे लेकर विपक्ष ने पूर्ववर्ती सरकार पर भेदभाव करने का आरोप लगाया। मंत्री ने कहा कि सरकार जनता की सुरक्षा को प्राथमिकता देती है और जहां भी जरूरत होगी, वहां सुरक्षा कैमरे लगाए जाएंगे।