छात्रों को 'गटर जेनरेशन' कहने के मामले में कंगना रनौत को बड़ी राहत: MP/MLA कोर्ट ने याचिका की खारिज
नई दिल्ली। हिमाचल प्रदेश के मंडी से भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ दायर परिवाद याचिका को MP/MLA कोर्ट ने सुनवाई के बाद खारिज कर दिया है, जिससे अभिनेत्री को बड़ी कानूनी राहत मिली है।
'गटर जेनरेशन' बयान से जुड़ा था मामलानई दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्र संगठन CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के विरोध प्रदर्शन को लेकर कंगना रनौत ने टिप्पणी करते हुए प्रदर्शनकारी छात्रों को कथित तौर पर 'गटर जेनरेशन' (Gutter Generation) कहा था।
कोर्ट में दर्ज कराया गया था वाद
कंगना के इस विवादित बयान से नाराज होकर याचिकाकर्ता ने उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई और मानहानि की धाराओं के तहत MP/MLA कोर्ट में परिवाद (Complaint Case) दायर किया था।
अदालत ने खारिज की याचिका
मामले की सुनवाई करते हुए MP/MLA कोर्ट ने पर्याप्त कानूनी आधार और साक्ष्यों के अभाव में याचिका को पोषणीय (Maintainable) न मानते हुए खारिज करने का आदेश जारी किया।
बयानबाजी के बाद गर्माया था माहौल
जंतर-मंतर पर चल रहे CJP के प्रदर्शन के दौरान कंगना के इस बयान पर छात्र संगठनों और राजनीतिक दलों ने भारी विरोध दर्ज कराया था, जिसके बाद यह मामला अदालत की चौखट तक पहुंचा था।
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लेखक के बारे में
मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

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