भारत-यूएस ट्रेड डील से अमेरिकी प्लास्टिक बाजार में बढ़ेगी देश की हिस्सेदारी : इंडस्ट्री
गाजियाबाद। भारत-यूएस ट्रेड डील घरेलू प्लास्टिक निर्यातकों के लिए व्यापार का बड़ा अवसर लेकर आई है और इससे अमेरिकी प्लास्टिक बाजार में भारत को अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने में मदद मिलेगी। यह जानकारी इंडस्ट्री एक्सपर्ट की ओर से मंगलवार को दी गई।
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आरएमजी पॉलिमर इंडिया लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर (एमडी) अरविंद गोयनका ने कहा,"भारत-अमेरिका के बीच ट्रेड डील होने से घरेलू प्लास्टिक निर्यातकों के लिए अमेरिका का बड़ा बाजार खुलेगा।"
उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका का सालाना प्लास्टिक का आयात करीब 75 अरब डॉलर का है। मौजूदा समय में भारत से अमेरिका को प्लास्टिक का निर्यात केवल 2.2 अरब डॉलर का है। ऐसे में यह समझौता भारतीय कंपनियों के लिए निर्यात बढ़ाने का सुनहरा मौका है। हमारा अमेरिका को प्लास्टिक का निर्यात अगले कुछ सालों में दोगुना हो सकता है।
उन्होंने बताया कि अमेरिका पीवीसी (पॉलीविनाइल क्लोराइड) का भी बहुत बड़ा खरीदार है। अगर अमेरिका भारत से अधिक मात्रा में प्लास्टिक और पीवीसी उत्पाद खरीदेगा, तो वही सामान आगे अन्य देशों में भी एक्सपोर्ट किया जाएगा। इससे भारतीय उत्पादों को वैश्विक बाजार में नई पहचान मिलेगी।
अरविंद गोयनका के मुताबिक, यह समझौता न सिर्फ प्लास्टिक इंडस्ट्री के लिए फायदेमंद साबित होगा, बल्कि भारत को एक मजबूत और भरोसेमंद आपूर्तिकर्ता के रूप में स्थापित करने में भी मदद करेगा।
उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका की अर्थव्यवस्था 30 ट्रिलियन डॉलर की है और वहां की जनसंख्या करीब 34 करोड़ है, ऐसे में वहां आय अधिक होने के कारण उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों की मांग अधिक है। जब अमेरिका से उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों की मांग आएगी, तो भारत में भी ऐसे ही प्रोडक्ट्स का उत्पादन होगा, तो ऐसे उत्पाद भारत में भी बेचे जाएंगे और इस फायदा आम जनता को भी होगा।
गोयनका के मुताबिक, भारत और अमेरिकी ट्रेड से देश का अन्य देशों को भी निर्यात बढ़ेगा। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जब भी किसी प्रोडक्ट का अमेरिका को निर्यात होता है तो उसकी स्वीकार्यता अपने आप खाड़ी, यूरोप और रूस जैसे देशों में बढ़ जाती है। ऐसे में जब अमेरिका के साथ व्यापार बढ़ेगा, तो इसका फायदा भारत को अन्य देशों के साथ व्यापार में भी होगा।
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लेखक के बारे में
मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

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