मुजफ्फरनगर में शीतलहर के बीच आधी रात को सड़कों पर निकले अधिकारी, निराश्रितों को पहुंचाया सुरक्षित ठिकानों पर
मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar):
सड़कों से शेल्टर होम तक का सफर: अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) गजेंद्र कुमार, नगर मजिस्ट्रेट पंकज प्रकाश, उप जिलाधिकारी सदर प्रवीण कुमार द्विवेदी और तहसीलदार राधेश्याम की टीम ने रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और प्रमुख चौराहों का भ्रमण किया। टीम ने कड़ाके की ठंड में खुले में सो रहे जरूरतमंदों को जगाया और उन्हें सम्मानपूर्वक सरकारी रैन बसेरों (शेल्टर होम) में शिफ्ट कराया। अधिकारियों ने लोगों को समझाया कि खुले में सोना जानलेवा हो सकता है।
रैन बसेरों का औचक निरीक्षण: एडीएम गजेंद्र कुमार ने जिला चिकित्सालय और रेलवे स्टेशन परिसर स्थित रैन बसेरों का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने वहां मौजूद बिस्तरों, सफाई, पेयजल और प्रकाश की व्यवस्थाओं को देखा। रैन बसेरों में तैनात कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिए गए कि किसी भी जरूरतमंद को प्रवेश देने में कोताही न बरती जाए और वहां अलाव व गर्म पानी की समुचित व्यवस्था रहे।
जनता से सहयोग की अपील: प्रशासनिक अधिकारियों ने सड़कों पर अलाव ताप रहे लोगों से भी बातचीत की और उनकी समस्याएं जानीं। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें कहीं भी कोई व्यक्ति ठंड में असुरक्षित या खुले में सोता हुआ दिखे, तो इसकी सूचना तुरंत कंट्रोल रूम या संबंधित तहसील प्रशासन को दें, ताकि उसे समय रहते आश्रय प्रदान किया जा सके।
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