उत्तर भारत में 'कोल्ड टॉर्चर': दिल्ली-NCR में बारिश के बाद भी प्रदूषण से राहत नहीं, कोहरे ने रोकी ट्रेनों की रफ्तार; 15 जनवरी तक स्कूल बंद
नई दिल्ली/मुजफ्फरनगर: जनवरी का दूसरा सप्ताह उत्तर भारत के लिए 'मुसीबत की मार' लेकर आया है। दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, पंजाब और हरियाणा समेत पूरा उत्तर भारत भीषण ठंड, घने कोहरे और जहरीले प्रदूषण की तिहरी मार झेल रहा है। शुक्रवार को हुई हल्की बारिश ने प्रदूषण से राहत की उम्मीद तो जगाई, लेकिन हवा की गुणवत्ता (AQI) अभी भी 'बहुत खराब' श्रेणी में बनी हुई है।
कोहरे ने रोकी ट्रेनों की राह: घने कोहरे के कारण रेल यातायात पूरी तरह चरमरा गया है। दिल्ली-हावड़ा और दिल्ली-लखनऊ रूट की दर्जनों ट्रेनें अपने निर्धारित समय से 5 से 8 घंटे की देरी से चल रही हैं। प्रयागराज एक्सप्रेस, पूर्वा एक्सप्रेस और ब्रह्मपुत्र मेल जैसी प्रमुख ट्रेनें घंटों लेट हैं, जिससे यात्रियों को स्टेशनों पर भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
15 जनवरी तक स्कूल बंद: ठंड की गंभीरता को देखते हुए उत्तर प्रदेश के कई जिलों और दिल्ली-हरियाणा में स्कूलों की छुट्टियां 15 जनवरी 2026 तक बढ़ा दी गई हैं। प्रशासन ने छोटे बच्चों और बुजुर्गों को सुबह के समय घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है।
पहाड़ों में बर्फबारी का असर: हिमालयी क्षेत्रों में हो रही भारी बर्फबारी के कारण मैदानी इलाकों में बर्फीली हवाएं चल रही हैं। मुजफ्फरनगर और आसपास के जिलों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री तक लुढ़क गया है, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त है।
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