संजू के परिजनों ने जानसठ थाने का किया घेराव, हत्यारोपियों पर रासुका लगाने की मांग

जानसठ। क्षेत्र के गांव राजपुर कलां गांव में गत दिवस दबंगों ने वाल्मीकि समाज के एक युवक व दो बच्चों घायल कर दिया था तथा एक युवक की हत्या कर दी थी जिसको लेकर वाल्मीकि समाज के लोगो ने थाने का घेराव करते हुए आरोपियों के खिलाफ रासुका लगाने की मांग की है । मंगलवार […]
जानसठ। क्षेत्र के गांव राजपुर कलां गांव में गत दिवस दबंगों ने वाल्मीकि समाज के एक युवक व दो बच्चों घायल कर दिया था तथा एक युवक की हत्या कर दी थी जिसको लेकर वाल्मीकि समाज के लोगो ने थाने का घेराव करते हुए आरोपियों के खिलाफ रासुका लगाने की मांग की है ।
मंगलवार की देर शाम 200 रुपए को लेकर दबंगों ने संजू पुत्र अमर सिंह को जाति सूचक शब्द कहते हुए उसकी गोली मारकर हत्या कर दी थी तथा बीच बचाव में मृतक संजू के छोटे भाई मोहित वाल्मीकि तथा छर्रे लगने से छोटे बच्चे दिया व शौर्य भी घायल हो गए थे।
बुधवार की दोपहर वाल्मीकि समाज के सैकड़ों लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली से जानसठ कोतवाली पहुंचे और कोतवाली का घेराव करते हुए हत्यारोपियों को रासुका लगाने की मांग की। पुलिस क्षेत्राधिकारी शकील अहमद ने बताया कि तीन नामजद लोगों में से मोहित व राजेन्द्र को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिनके खिलाफ संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा जा रहा है।
ये भी पढ़ें "जरा मेरे लिए पकौड़े ले आओ..." पति को लालच देकर बस से गायब हुई दुल्हन, इमरान के साथ हुई फरार मुकदमे में अनुसूचित जाति एवं जनजाति निवारण अधिनियम भी लगाया गया है तथा शेष मुलजिम की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। वादी पक्ष के लोगों को सुरक्षा मुहैया कराई गई है। रासुका की बाबत आश्वस्त करते हुए बताया कि विधि सम्मत कार्यवाही की जा रही है, गांव में शांति है और गांव में भारी पुलिस बल तैनात है।
इस दौरान मनोज सौदाई एडवोकेट, रविन्द्र बेनिवाल पूर्व प्रधान, प्रताप वाल्मीकि, चमन लाल ढिंगान, अमित बेनिवाल, प्रेम प्रकाश सुधा, सागर वाल्मीकि, सोनू लौहरे, राजू भैय्या वाल्मीकि, अश्वनी वाल्मीकि, गुलशन वैद, तरुण सुधा, डॉ अश्वनी, अनीत ढिंगिया, अरुण राजा, रमेश वाल्मीकि, अमित वाल्मीकि, सुमित, करण, सनी, राजन, शंकर, निखिल, मुकुल आदि मौजूद रहे।
रॉयल बुलेटिन से जुड़ें:
देश-प्रदेश की ताज़ा ख़बरों को सबसे पहले पढ़ने के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल को फॉलो करें:
आपको यह खबर कैसी लगी? अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में ज़रूर दे। आपकी राय रॉयल बुलेटिन को और बेहतर बनाने में बहुत उपयोगी होगी।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
रॉयल बुलेटिन के संस्थापक एवं मुख्य संपादक अनिल रॉयल ने वर्ष 1985 में मात्र 17 वर्ष की आयु से मुज़फ्फरनगर की पावन भूमि से निर्भीक और जनपक्षधर पत्रकारिता का संकल्प लिया। बीते लगभग चार दशकों से वे पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सशक्त और विश्वसनीय आवाज़ के रूप में पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं।
पत्रकारिता के अपने लंबे अनुभव के आधार पर उन्होंने वर्ष 2010 में नोएडा से रॉयल बुलेटिन के प्रिंट संस्करण का सफल विस्तार किया। समय के साथ बदलते मीडिया परिदृश्य को समझते हुए, उनके नेतृत्व में यह संस्थान आज एक मजबूत और प्रभावशाली डिजिटल समाचार मंच के रूप में स्थापित हो चुका है।
वर्तमान में रॉयल बुलेटिन की पहुँच न्यूज़ पोर्टल, फेसबुक, यूट्यूब, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप सहित सभी प्रमुख डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर करोड़ों पाठकों तक है। प्रिंट और डिजिटल मीडिया के स्वामी एवं संपादक के रूप में अनुभव, सत्यनिष्ठा और जन-सरोकार उनकी पत्रकारिता की मूल आधारशिला रहे हैं।

टिप्पणियां