राजस्थान के बीकानेर में ट्राई ने मोबाइल सेवाओं की गुणवत्ता जांची, जियो और एयरटेल का प्रदर्शन बेहतर
नई दिल्ली। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने राजस्थान के बीकानेर जिले में मोबाइल सेवाओं की गुणवत्ता की जांच की। इसमें एयरटेल और जियो कॉल सेटअप सफलता दर में टॉप पर रहे।
केंद्रीय संचार मंत्रालय ने बताया कि जनवरी में बीकानेर शहर, नोखा और श्रीडूंगरगढ़ कस्बों, देशनोक से नोरंगदेसर हाईवे (एनएच-754ए) और पूगल से रंजीतपुरा राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-911) पर किए गए इस टेस्ट में सभी सेवा प्रदाताओं के मोबाइल नेटवर्क की वास्तविक प्रदर्शन क्षमता को परखा गया। कॉल सेटअप सफलता दर, कॉल ड्रॉप, कॉल क्वालिटी, डेटा डाउनलोड और अपलोड स्पीड जैसे प्रमुख मानकों पर निगरानी रखी गई। टेस्ट के लिए उन्नत हैंडसेट और सॉफ्टवेयर सिस्टम का इस्तेमाल किया गया।
बीकानेर शहर, नोखा और श्रीडूंगरगढ़ में किए गए टेस्ट में एयरटेल और जियो की कॉल सेटअप सफलता दर लगभग 100 प्रतिशत रही, जबकि बीएसएनएल और वोडाफोन आइडिया में कुछ कमी दर्ज की गई। डेटा सेवाओं में जियो ने 5जी डाउनलोड स्पीड में सबसे बेहतर प्रदर्शन किया।
देशनोक से नोरंगदेसर हाईवे पर एयरटेल और जियो की कॉल सफलता दर 100 प्रतिशत रही, जबकि बीएसएनएल और वीआई में गिरावट देखी गई। वहीं पूगल से रंजीतपुरा हाईवे पर जियो ने कॉल सेटअप में 100 प्रतिशत सफलता हासिल की, जबकि वीआई की दर सबसे कम रही।
ट्राई ने कहा कि इन नतीजों को उपभोक्ताओं की जानकारी के लिए वेबसाइट और अखबारों में प्रकाशित किया जाएगा ताकि सेवा प्रदाताओं को अपनी सेवाएं सुधारने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।
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मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

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