आज से शुरू हुआ चैत्र मास जान लें ये सख्त नियम भूलकर भी न करें ये गलतियां वरना घर में आ सकती है गरीबी और बीमारी
आज से होली के साथ ही चैत्र मास की शुरुआत हो गई है और यह महीना हिंदू धर्म में बेहद खास माना जाता है। चैत्र मास को हिंदू कैलेंडर का पहला महीना माना जाता है और इसी के साथ हिंदू नववर्ष की शुरुआत होती है। इस पवित्र महीने में चैत्र नवरात्रि गुड़ी पड़वा और रामनवमी जैसे बड़े पर्व मनाए जाते हैं। यही वजह है कि धार्मिक दृष्टि से यह महीना बहुत पवित्र माना जाता है। साथ ही इस समय मौसम भी तेजी से बदलता है और गर्मी की शुरुआत हो जाती है इसलिए इस महीने में खानपान और जीवनशैली से जुड़े कुछ खास नियमों का पालन करना जरूरी बताया गया है।
चैत्र मास से शुरू होता है हिंदू नववर्ष और नवरात्रि
चैत्र मास को हिंदू धर्म में नई शुरुआत का प्रतीक माना जाता है। इसी महीने से हिंदू नववर्ष की शुरुआत होती है और मां दुर्गा की आराधना के लिए चैत्र नवरात्रि मनाई जाती है। इस दौरान लोग पूजा पाठ व्रत और भक्ति के माध्यम से मां दुर्गा का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार इस महीने में किए गए अच्छे कार्य पूरे साल शुभ फल देते हैं इसलिए लोगों को इस समय अपने व्यवहार और आचरण पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
खानपान में रखें खास सावधानी
धर्म शास्त्रों के अनुसार चैत्र महीने में खानपान को लेकर विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। इस महीने में गुड़ मसालेदार चीजें खट्टी चीजें और मांस मदिरा का सेवन नहीं करना चाहिए। माना जाता है कि इस समय इन चीजों का सेवन शरीर के लिए हानिकारक हो सकता है और इससे कई बीमारियां भी हो सकती हैं। मौसम में बदलाव के कारण शरीर में वात पित्त और कफ का संतुलन बिगड़ सकता है इसलिए इस महीने में हल्का और सात्विक भोजन करना बेहतर माना जाता है।
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चैत्र मास को बहुत पवित्र महीना माना जाता है इसलिए इस समय मांस और मदिरा का सेवन करना धार्मिक रूप से भी वर्जित माना गया है। मान्यता है कि इस पवित्र समय में सात्विक भोजन करने से शरीर और मन दोनों शुद्ध रहते हैं और देवी मां की कृपा प्राप्त होती है। यदि इस महीने में मांस मदिरा का सेवन किया जाए तो इससे न केवल सेहत पर बुरा असर पड़ता है बल्कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इससे मां दुर्गा और मां लक्ष्मी भी नाराज हो सकती हैं।
नकारात्मक विचारों और गलत आचरण से बचें
चैत्र मास को सकारात्मक ऊर्जा का महीना माना जाता है इसलिए इस समय अपने विचारों को सकारात्मक रखना बहुत जरूरी होता है। इस दौरान गलत आचरण और नकारात्मक सोच से दूर रहने की सलाह दी जाती है। धार्मिक मान्यता है कि इस महीने में अच्छे विचार और अच्छे कर्म करने से जीवन में सुख समृद्धि और सफलता आती है।
घर में रखें साफ सफाई और सकारात्मक वातावरण
चैत्र महीने में घर और आसपास साफ सफाई बनाए रखना बहुत जरूरी माना जाता है। मान्यता है कि जहां साफ सफाई होती है वहां मां लक्ष्मी का वास होता है। इसलिए इस महीने में घर मंदिर और आसपास के स्थानों को स्वच्छ रखना चाहिए। खास तौर पर चैत्र नवरात्रि से पहले घर की पूरी सफाई करने की परंपरा है जिससे घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश होता है।
नवरात्रि के दिनों में बाल और नाखून काटने से बचें
चैत्र नवरात्रि का समय बेहद पवित्र माना जाता है। इन नौ दिनों में बाल और नाखून काटने से बचने की सलाह दी जाती है। धार्मिक मान्यता है कि ऐसा करने से पूजा और साधना का फल कम हो सकता है इसलिए इन दिनों में संयम और अनुशासन का पालन करना बेहतर माना जाता है।
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