नेपाल बाढ़ तबाही: 275 भारतीय अब भी लापता, भारत राहत और पुनर्वास में सहयोग के लिए प्रतिबद्ध
नई दिल्ली। नेपाल में आई त्रासदी के बाद भारत राहत और बचाव कार्यों में लगातार सहयोग कर रहा है। अभी भी 275 भारतीय नागरिक लापता हैं। इनमें से 49 चीन से लापता हैं। भारत ने नेपाल की सरकार और जनता के प्रति एकजुटता जताते हुए पुनर्निर्माण और पुनर्वास प्रयासों में भी सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई है।
भारत ने राहत एवं बचाव कार्यों के लिए 54 विशेषज्ञ और कर्मी नेपाल भेजे हैं। इनमें 30 सुरंग बचाव विशेषज्ञ, 19 फोरेंसिक विशेषज्ञ और पांच सदस्यीय चिकित्सा दल शामिल हैं। भारतीय बचाव और फोरेंसिक दल नेपाल में स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं।
प्रवक्ता ने बताया कि भारत ने नेपाल के राहत एवं बचाव अभियान में अबतक करीब 95 टन राहत सामग्री और सात विमान भेजे हैं। कल दो भारतीय विमान काठमांडू पहुंचे, जिनमें 21 टन राहत सामग्री थी। नेपाल की जरूरत के अनुसार आने वाले दिनों में और अधिक प्राथमिक उपचार किट तथा अन्य आवश्यक सामग्री भेजी जाएगी।
जलवायु परिवर्तन से जुड़े एक सवाल पर जायसवाल ने कहा कि भारत इसे साझा चुनौती मानता है। उन्होंने कहा कि इस चुनौती से निपटने की कार्यवाही साझा लेकिन अलग-अलग जिम्मेदारियों और संबंधित क्षमताओं के सिद्धांत पर आधारित होनी चाहिए। उनके अनुसार ऐतिहासिक रूप से अधिक उत्सर्जन के लिए जिम्मेदार विकसित देशों को उत्सर्जन कम करने के साथ विकासशील देशों को वित्त और प्रौद्योगिकी उपलब्ध कराने में नेतृत्व करना चाहिए।
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लेखक के बारे में
मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

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