"मुजफ्फरनगर: वाह रे शातिर दिमाग !, ₹1 लाख में बेची पिकअप और पुलिस को दी लूट की सूचना; पुलिस ने चंद घंटों में ही चालक को सिखाया 'कानून का पाठ'!"
मुजफ्फरनगर/सिखेड़ा (Sikheda):
डायल 112 को दी थी लूट की सूचना: शुक्रवार को पिकअप चालक गयूर पुत्र इशाक (निवासी खतौली) ने डायल 112 के माध्यम से पुलिस को सूचना दी कि चितौड़ा झाल के पास गंगनहर पटरी पर बदमाशों ने उसकी पिकअप (UP 15 FT 5963) लूट ली है। लूट की सूचना मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया।
जांच में खुलती गई झूठ की परतें: क्षेत्राधिकारी नई मण्डी राजू कुमार साव ने बताया कि थाना सिखेड़ा पुलिस ने जब मौके पर पहुँचकर जांच की और चालक से कड़ाई से पूछताछ की, तो उसकी बातों में विरोधाभास मिला। पुलिस के दबाव के आगे चालक टूट गया और उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया।
क्या थी असली साजिश? आरोपी गयूर ने बताया कि उसने श्रीराम फाइनेंस कम्पनी से यह पिकअप फाइनेंस कराई थी, लेकिन वह सिर्फ दो ही किस्तें जमा कर पाया था। उस पर फाइनेंस कंपनी और अन्य लोगों का भारी कर्ज हो गया था। इस कर्ज से बचने के लिए उसने अपनी पिकअप को चुपके से किसी व्यक्ति को ₹1 लाख में बेच दिया। इसके बाद उसने पुलिस को लूट की झूठी सूचना दी ताकि वह कागज पर गाड़ी को लुटी हुई दिखाकर किस्तों से बच सके।
पुलिस टीम को मिली शाबाशी: इस झूठी साजिश का पर्दाफाश करने वाली टीम में थाना सिखेड़ा प्रभारी निरीक्षक योगेन्द्र शर्मा, हेड कांस्टेबल सूरज सिंह, कांस्टेबल विक्रांत और महिला कांस्टेबल राखी शामिल रहे। पुलिस ने आरोपी गयूर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
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