बिहार : अनंत सिंह चुनाव नहीं लड़ने की घोषणा पर कायम, दुलारचंद हत्या मामले में खुद को बताया निर्दोष

पटना। बिहार के मोकामा क्षेत्र से विधायक अनंत सिंह सोमवार की शाम जेल से रिहा हुए हैं। इस रिहाई के बाद बाहुबली विधायक अनंत सिंह ने खुद को निर्दोष बताते हुए दुलारचंद यादव हत्या में फंसाने की बात कही। उन्होंने मंगलवार को चुनाव नहीं लड़ने की बात को भी दोहराई। विधायक अनंत सिंह मंगलवार को बड़हिया के लिए रवाना हुए। उनके साथ वाहनों का काफिला है। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि घटना के समय वे मौके से करीब चार किलोमीटर दूर थे। उन्होंने साफ कहा कि हम निर्दोष हैं, हमें साजिश के तहत इस मामले में फंसाया गया है। पिछले साल बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान दुलारचंद यादव की हत्या हो गई थी, जिसमें अनंत सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया था। पटना उच्च न्यायालय से जमानत मिलने के बाद करीब चार महीने बाद वे जेल से रिहा हुए हैं।
जेल से रिहा होने के बाद उनके समर्थकों में गजब का उत्साह है। मंगलवार को मीडिया से बातचीत में अनंत सिंह ने एक बार फिर चुनाव नहीं लड़ने की बात कही है। पत्रकारों ने जब उनसे पूछा कि क्या उनका बेटा चुनाव लड़ेगा, तो जवाब में उन्होंने कहा, "वह जनता के बीच जाएगा। जनता का काम करेगा, तो वह चुनाव लड़ेगा।" कार्यकर्ताओं में उत्साह को लेकर उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं में उत्साह तो रहेगा ही। इससे पहले राज्यसभा चुनाव के लिए भी जब अनंत सिंह जेल से विधानसभा मतदान करने पहुंचे थे, तभी उन्होंने ऐलान किया था कि अब वे आगे कोई चुनाव नहीं लड़ेंगे। उन्होंने कहा, "यह मेरा आखिरी कार्यकाल है। अब मेरे बच्चे राजनीति में आगे बढ़ेंगे।" उन्होंने कहा था कि नीतीश कुमार नहीं रहेंगे, तो वे चुनाव नहीं लड़ेंगे। बिहार की राजनीति में अब चर्चा है कि अनंत सिंह के बेटे कब राजनीति में आते हैं। वैसे विधायक अनंत सिंह के चुनाव नहीं लड़ने की घोषणा के बाद मोकामा में राजनीतिक हलचल बढ़ गई है।
रॉयल बुलेटिन से जुड़ें:
देश-प्रदेश की ताज़ा ख़बरों को सबसे पहले पढ़ने के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल को फॉलो करें:
आपको यह खबर कैसी लगी? अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में ज़रूर दे। आपकी राय रॉयल बुलेटिन को और बेहतर बनाने में बहुत उपयोगी होगी।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

टिप्पणियां