ईमानदारी, क्षमा और सहनशीलता: जीवन को मर्यादित और प्रतिष्ठित बनाने वाले मूल्य
ईमानदारी का गुण मनुष्य को ऊंचा उठाता है। जो व्यक्ति अपने सभी संबंधों, अपने कर्तव्यों, समाज, राष्ट्र और स्वयं के प्रति ईमानदार है वह स्वाभाविक रूप से सभी के आदर का पात्र होता है। क्षमा और सहनशीलता भी आवश्यक मूल्य हैं। सभी चीजें हमेशा हमारे अनुकूल नहीं रहतीं। इसलिए दूसरों के व्यवहार और उनके कृत्यों को सहना और उन्हें क्षमा करना आवश्यक है। आप सभी को सुधार नहीं सकते। अंततः सहनशील होकर और दूसरों की त्रुटियों एवं दुर्व्यवहार पर क्षमा करते हुए जीवन में आगे बढ़ते रहना चाहिए। झूठे अहंकार और दूसरों पर दबाव बनाने की लालसा ही जीवन में विवाद उत्पन्न करती है। जीवन मूल्य न केवल दिखावे या भाषण का विषय हैं, बल्कि इन्हें अपने आचरण में अपनाना चाहिए। जीवन मूल्यों के साथ जीवन जीने वाला व्यक्ति स्वयं को मर्यादित अनुभव करता है और समाज में प्रतिष्ठा अर्जित करता है।
आपको यह खबर कैसी लगी? अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में ज़रूर दे। आपकी राय रॉयल बुलेटिन को और बेहतर बनाने में बहुत उपयोगी होगी।
संबंधित खबरें
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर हमें फॉलो करें और हमसे जुड़े रहें।
(Follow us on social media platforms and stay connected with us.)
Youtube – https://www.youtube.com/@RoyalBulletinIndia
Facebook – https://www.facebook.com/royalbulletin
Instagram: https://www.instagram.com/royal.bulletin/
Twitter – https://twitter.com/royalbulletin
Whatsapp – https://chat.whatsapp.com/Haf4S3A5ZRlI6oGbKljJru
लेखक के बारे में
"गन्ना विभाग के सेवानिवृत्त अधिकारी प्रण पाल सिंह राणा बहुमुखी प्रतिभा के धनी हैं। प्रशासनिक सेवाओं में एक लंबा और सफल कार्यकाल बिताने के साथ-साथ, पिछले 50 वर्षों से ज्योतिष, वेद और अध्यात्म के प्रति उनकी गहरी रुचि ने उन्हें एक विशिष्ट पहचान दी है।
श्री राणा पिछले 30 वर्षों से 'रॉयल बुलेटिन' के माध्यम से प्रतिदिन 'अनमोल वचन' स्तंभ लिख रहे हैं, जो पाठकों के बीच अत्यंत लोकप्रिय है। उनके लिखे विचार न केवल ज्ञानवर्धक होते हैं, बल्कि पाठकों को जीवन की चुनौतियों के बीच सकारात्मक दिशा और मानसिक शांति भी प्रदान करते हैं। प्राचीन वैदिक ज्ञान को आधुनिक जीवन से जोड़ने की उनकी कला को पाठकों द्वारा वर्षों से सराहा और पसंद किया जा रहा है।"

टिप्पणियां