सुबह उठते ही नाक हो जाती है बंद, शरीर में बढ़ते कफ का है संकेत

नई दिल्ली। कुछ लोगों को सुबह उठते ही नाक बंद, छींक आना और सिर का भारी होना जैसे लक्षण महसूस होते हैं। आमतौर पर इसे सामान्य सर्दी या फिर मौसम का बदलाव समझकर नजरअंदाज कर दिया जाता है, लेकिन यह पुराना नजला हो सकता है। पुराना नजला एक आम लेकिन परेशान करने वाली समस्या है, लेकिन स्थिति बिगड़ने पर साइनस या फिर नाक में हड्डी बढ़ने की परेशानी होती है। पुराने नजला को आयुर्वेद में कफ दोष से जुड़ी स्थिति से जोड़कर देखा जाता है।
जब शरीर में हद से ज्यादा कफ बढ़ता है, तो वह नाक और सिर में जमा होने लगता है। रात को सोते समय यह महसूस नहीं होता, लेकिन सुबह उठते ही नाक बंद होने का अहसास होता है और हल्की ठंड भी महसूस होती है। गलत खान-पान और ठंडी चीजें भी इसे बढ़ा सकती हैं। आयुर्वेद में पुराने नजले का हल छिपा है, जिसका उपचार आप घर बैठे ही कर सकते हैं। पहले जानते हैं कि यह परेशानी किन कारणों से होती है, जिसमें देर रात जागना, ठंडा पानी या फ्रीज में रखी चीजों का ज्यादा इस्तेमाल करना, धूल और प्रदूषण में ज्यादा समय तक रहना, कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता, और बार-बार संक्रमण होना शामिल है। आयुर्वेद के मुताबिक इन परेशानियों से छुटकारा पाने के लिए तुलसी, अदरक, और गर्म पानी जैसे सरल उपाय सहायक हो सकते हैं।
प्राणायाम और सही दिनचर्या भी इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। छोटे-छोटे बदलाव से इस समस्या में धीरे-धीरे सुधार संभव है। सुबह की शुरुआत गर्म पानी से करें। यह कफ को पिघलाकर बाहर निकालने में मदद करता है। हफ्ते में दो बार भाप लें। यह सांस लेने में होने वाली रुकावटों को कम करने में मदद करता है। इसके साथ, रात के समय हल्दी वाला दूध, तुलसी-अदरक की चाय, नाक में गुनगुना तेल, रात के समय हल्का भोजन, और ठंडी चीजों से परहेज रखें। ये सभी चीजें शरीर में कफ को बढ़ने से रोकने में मदद करेंगी, जिससे सुबह नाक बंद होने की परेशानी कम होगी।
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