मेरठ: डॉ. मेराजुद्दीन अहमद मेमोरियल लेक्चर में प्रो. अबु सुफ़यान इस्लाही ने मानवता और सामाजिक न्याय पर जोर दिया
मेरठ। डॉ. मेराजुद्दीन अहमद मेमोरियल लेक्चर में प्रो. अबु सुफ़यान इस्लाही ने कहा कि हर इंसान को इंसान के रूप में देखना ही बेहतर समाज की नींव है। उन्होंने सामाजिक न्याय, समानता और भारत की साझी संस्कृति पर भी प्रकाश डाला। समाज को बेहतर बनाने के लिए सबसे पहली शर्त यह है कि हर व्यक्ति को इंसान के रूप में देखा जाए। धर्म, जाति और पहचान से ऊपर उठकर इंसानियत को अपनाने से ही सामाजिक न्याय और समानता का सपना साकार हो सकता है। यह बात अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर अबु सुफ़यान इस्लाही ने कही।
वे सरल, बेबाक और सच्चे जननेता थे। विधायक रफीक अंसारी और शोभित यूनिवर्सिटी के चांसलर कुंवर शेखर विजेंद्र ने भी उन्हें गंगा-जमनी तहज़ीब की मिसाल बताया। कार्यक्रम के दौरान मशहूर समाजसेवी और जश्न-ए-बहार ट्रस्ट, नई दिल्ली की संस्थापक डॉ. कामना प्रसाद को उनकी समाजसेवा के लिए पहला डॉ. मेराजुद्दीन अहमद अवॉर्ड प्रदान किया गया। बड़ी संख्या में शिक्षाविद, साहित्यकार और शहर के गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे।
