मुजफ्फरनगरः फक्करशाह चौक आचार संहिता मामले में सभी आरोपी बरी, 2004 का मुकदमा समाप्त
मुजफ्फरनगर। खालापार क्षेत्र में फक्करशाह चौक पर हुई सभा से जुड़े वर्ष 2004 के चुनाव आचार संहिता उल्लंघन मामले में विशेष अदालत एमपी–एमएलए कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए सभी आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है। लंबे समय से विचाराधीन इस मुकदमे में पूर्व सांसद कादिर राणा, पूर्व प्रदेश मंत्री एवं कांग्रेस नेता सईद जमा, पूर्व सभासद हाजी सलीम, शमीम अहमद और सादिक अहमद को न्यायालय ने दोषमुक्त करार दिया।
यह फैसला एमपी–एमएलए कोर्ट के पीठासीन अधिकारी अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम, देवेंद्र कुमार फौजदार द्वारा सुनाया गया। न्यायालय ने अपने आदेश में स्पष्ट कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपों को ठोस साक्ष्यों के साथ प्रमाणित करने में असफल रहा, इसलिए सभी आरोपियों को संदेह का लाभ देते हुए बरी किया जाता है।
सुनवाई के दौरान इस मामले के एक आरोपी, व्यापारी नेता अहसान कुरैशी, का निधन हो गया था, जिस कारण उनके विरुद्ध कार्यवाही पूर्व में ही समाप्त कर दी गई थी।
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 9 गवाह न्यायालय में पेश किए गए, जबकि बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेंद्र कुमार शर्मा, नकली सिंह एवं सैयद अमजद अली ने पैरवी की।
करीब दो दशक पुराने इस मामले में आए फैसले के बाद आरोपियों एवं उनके समर्थकों में संतोष देखा गया। आरोपियों की ओर से कहा गया कि यह मामला राजनीतिक दुर्भावना से प्रेरित था और न्यायालय के निर्णय से सच्चाई सामने आ गई है।
