मुरादाबाद में AIMIM नेता शौकत अली का विवादित बयान,“हमारी संख्या से लोगों को दिक्कत क्यों?”
मुरादाबाद। AIMIM के नेता और प्रदेश अध्यक्ष हाजी शौकत अली ने हाल ही में एक नया नारा दिया—“हम दो, हमारे दो दर्जन”—जिसने राजनीतिक गलियारों में चर्चा को हवा दे दी है। शौकत अली ने कहा कि उनके परिवार में बड़ी संख्या है, फिर भी लोग उनकी आबादी को लेकर चिंता जताते हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि “जो खुद शादी नहीं करते, वही दूसरों को बच्चों की सलाह देते हैं।’’ उन्होंने हिंदू भाइयों को भाई मानते हुए कहा कि वे चाहते हैं कि देश मजबूत बने।
इसके बाद शौकत अली ने उत्तर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि राज्य सरकार मुस्लिम समुदाय को अपने बच्चों को धार्मिक शिक्षा देने से रोक रही है। उन्होंने मुरादाबाद में सैकड़ों मदरसे बंद करने का हवाला देते हुए कहा कि मदरसों को आतंकवाद से जोड़कर बदनाम किया जा रहा है, जबकि यह शिक्षा के केंद्र हैं। उन्होंने दाढ़ी-टोपी, बेटियों के नक़ाब और हिजाब को लेकर खुलेआम दुर्व्यवहार होने की भी बात कही।
ये भी पढ़ें गोरखनाथ मंदिर की गोशाला में CM योगी ने ‘भोले’ नंदी महाराज को सहलाया, दिया सेवा और करुणा का संदेशशौकत अली ने 2014 के बाद की मॉब लिंचिंग घटनाओं का उदाहरण देते हुए कहा कि आज भी मुस्लिम समुदाय की यात्रा के दौरान लोग खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करते।
विशेषज्ञों का कहना है कि शौकत अली के इस बयान ने धार्मिक स्वतंत्रता, सुरक्षा और सामाजिक सौहार्द को लेकर नई बहस छेड़ दी है। अब यह देखने वाली बात होगी कि सरकार इस पर क्या प्रतिक्रिया देती है और जनसंख्या को लेकर दिए गए बयान पर सियासी बहस कितनी आगे बढ़ती है।
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