सेहत के लिए शानदार सर्दियों का मौसम, ये 5 आदतें साल भर रखेंगी बीमारियों से दूर
नई दिल्ली। सर्दियों का मौसम अक्सर सेहत के लिए बहुत अच्छा होता है, जब खाने के लिए हरी सब्जियां और स्वादिष्ट फलों की बहुतायत होती है। भारी से भारी खाना सर्दियों में पच जाता है क्योंकि पाचन शक्ति तीव्र होती है। सर्दियों को लोग अकड़न और जकड़न का मौसम कहते हैं, लेकिन आयुर्वेद सर्दियों को तैयारियों का महीना मानता है। इस मौसम में कुछ चंद उपायों से शरीर को साल भर के लिए तैयार किया जा सकता है।
दूसरा, मौसम के साथ तालमेल बैठाना बहुत जरूरी है। इसलिए देर रात कुछ खाने और ठंडा पानी पीने से परहेज करना चाहिए। ये कुछ आदतें शरीर को साल भर बीमार रखने के लिए काफी हैं। इससे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता पर गहरा असर पड़ता है। तीसरा, सर्दियों में खाने का समय और खाना दोनों बहुत मायने रखता है। सर्दियों में भरपूर हरी सब्जियों का सेवन आयरन, कैल्शियम और खनिजों की पूर्ति करता है और शरीर को पोषण और मजबूती देता है। सर्दियों में सुबह और दोपहर पौष्टिक भोजन करें जिससे शरीर को पूरा पोषण मिले और सूर्य ढलने के साथ सब्जियों का सूप का सेवन औषधि का काम करेगा। चौथा, सर्दियों में पाचन शक्ति तेज होती है और बार-बार भूख लगती है।
अपनी भूख को मिटाने के लिए लोग तला, चटपटा और मसालेदार भोजन का सेवन करते हैं, जो पेट पर जलन पैदा करता है और पाचन अग्नि का ज्यादा इस्तेमाल भी होता है। अच्छा खाना और कम मसालेदार खाना खाकर पाचन अग्नि को संतुलित रखा जा सकता है, जो आने वाले मौसम में भी ठीक प्रकार से काम करती है। पांचवा, सर्दियों में समय पर उठना और समय पर सोना भी जरूरी है। कई लोगों को लगता है कि सिर्फ रात के समय देर से सोने के ही नुकसान होते हैं, लेकिन देर से उठना भी सेहत के लिए खतरा है। रात के समय देर से सोने और सुबह देर से उठने वाले लोगों में कब्ज की समस्या और फोकस की कमी देखी जाती है। वो चीजों को ज्यादा भूलते हैं। इसलिए सर्दियों में सही समय के जरिए अपनी याद्दाश्त को मजबूत बनाया जा सकता है।
