अमरोहा में डीएम का सदर तहसील पर औचक निरीक्षण, 5 साल से लंबित मामलों पर जताई नाराज़गी, लापरवाह लेखपालों पर कार्रवाई के निर्देश
अमरोहा। जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को सुदृढ़ और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने सदर तहसील का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने तहसील कार्यालय, न्यायालय कक्ष, अभिलेख कक्ष और विभिन्न प्रशासनिक व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण करते हुए अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान तहसील कोर्ट में बड़ी संख्या में लंबित मामलों का खुलासा हुआ, जिनमें कई मुकदमे 5 वर्ष से अधिक समय से लंबित पाए गए।
लंबित मुकदमों की समीक्षा, जल्द निस्तारण के निर्देश
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने तहसील न्यायालय में चल रहे राजस्व और अन्य मामलों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने पाया कि कई पुराने मुकदमे वर्षों से लंबित हैं, जिससे आम जनता को न्याय मिलने में अनावश्यक देरी हो रही है। इस पर डीएम ने नाराज़गी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए और पुराने मामलों को जल्द से जल्द समाप्त किया जाए।
लेखपालों की लापरवाही पर जताई सख्त नाराज़गी
निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि कई मामलों में लेखपालों की रिपोर्ट समय पर उपलब्ध नहीं कराई गई, जिसके कारण मामलों के निस्तारण में देरी हो रही है। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित लेखपालों की कार्यशैली पर कड़ी नाराज़गी जताते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि जो लेखपाल अपने दायित्वों के प्रति लापरवाही बरत रहे हैं, उनके खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अभिलेखों और दस्तावेजों की भी हुई जांच
डीएम ने तहसील में रखे राजस्व अभिलेखों, भूमि संबंधी दस्तावेजों और अन्य महत्वपूर्ण रिकॉर्ड की भी जांच की। उन्होंने रिकॉर्ड के रख-रखाव को व्यवस्थित और अद्यतन रखने के निर्देश दिए, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की प्रशासनिक या कानूनी समस्या उत्पन्न न हो। साथ ही अभिलेखों के डिजिटलीकरण और सुरक्षित रख-रखाव पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया।
पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने पर जोर
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे जनता की समस्याओं को गंभीरता से लें और समयबद्ध तरीके से उनका समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि तहसील स्तर पर प्रशासन आम जनता से सीधे जुड़ा होता है, इसलिए यहां की कार्यप्रणाली पारदर्शी, प्रभावी और जवाबदेह होनी चाहिए।
डीएम के इस औचक निरीक्षण के बाद तहसील कर्मचारियों में हड़कंप मच गया और प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने की कवायद तेज हो गई है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी ऐसे निरीक्षण जारी रहेंगे और लापरवाही करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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