मेरठ में रवि गौतम को आधी रात धरना स्थल से हटाकर अस्पताल भेजने पर सपा ने उठाए सवाल, शैंकी वर्मा बोले- न्याय की आवाज दबाई नहीं जा सकती
मेरठ। एडवोकेट रवि गौतम पिछले 15 दिनों से न्याय की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं। बताया गया कि पिछले 24 घंटे से वह भूख हड़ताल पर भी थे। आरोप है कि देर रात करीब 2 बजे पुलिस ने उन्हें धरना स्थल से हटाकर अस्पताल में भर्ती करा दिया।
पुलिस की इस कार्रवाई को लेकर समाजवादी पार्टी के महानगर अध्यक्ष एवं नेता शैंकी वर्मा ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से न्याय की मांग करना अपराध नहीं है। यदि प्रशासन को रवि गौतम की सेहत की चिंता थी तो दिन में भी उनसे बातचीत कर भूख हड़ताल समाप्त कराने का प्रयास किया जा सकता था।शैंकी वर्मा ने कहा कि आधी रात को पुलिस भेजकर धरना समाप्त कराना लोकतांत्रिक अधिकारों पर सवाल खड़ा करता है। उन्होंने कहा कि न्याय की मांग को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से आवाज उठाने वाले व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती कराने से उसकी आवाज दबाई नहीं जा सकती।
ये भी पढ़ें मेरठ: 18 सितंबर को होगी राज्य स्तरीय मॉक एक्सरसाइज, बायो डीजल की बिक्री के लिए लाइसेंस हुआ अनिवार्यसपा नेता ने कहा, “न्याय की आवाज को अस्पताल में भर्ती करके दबाया नहीं जा सकता। हम और हमारी पार्टी रवि गौतम के साथ हैं।”
ये भी पढ़ें उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा ओरिएंटेशन एवं कोऑर्डिनेशन कॉन्फ्रेंस का आयोजनउन्होंने प्रशासन से रवि गौतम की मांगों पर गंभीरता से विचार करने और मामले में बातचीत के जरिए समाधान निकालने की मांग की।
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