ईरान-इजरायल तनाव के बीच तेहरान जेल में बंद केतन मेहता से चार दिन से संपर्क नहीं, परिवार की बढ़ी चिंता
गाजियाबाद। गाजियाबाद निवासी मर्चेंट नेवी इंजीनियर केतन मेहता इस समय ईरान की राजधानी तेहरान की जेल में बंद हैं। ईरान-इजरायल और अमेरिका में बढ़ते तनाव के बीच पिछले चार दिनों से उनका अपने परिवार से कोई संपर्क नहीं हो पाया है, जिससे घरवालों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है।
परिवार के अनुसार, आखिरी बार केतन ने अपनी मां से फोन पर बात की थी और कहा था, "हम डरे हुए हैं, लेकिन आ जाएंगे।" उसके बाद से फोन या किसी भी अन्य माध्यम से कोई संपर्क नहीं हो पाया। केतन की मां ने बताया कि चार दिन से बेटे की कोई खबर नहीं है और उन्होंने सरकार से अपील की है कि मौजूदा हालात को देखते हुए उनके बेटे को सुरक्षित भारत वापस लाने के प्रयास तेज किए जाएं।
केतन की मां ने बताया कि चार दिन पहले की बातचीत के दौरान उसने बताया था, "वहां सब सही है, खाना-पीना सब ठीक है और हम आ जाएंगे।", लेकिन अब वहां हालात खराब हैं और लड़ाइयां छिड़ गई हैं। हमें डर लग रहा है कि हमारा बच्चा सुरक्षित वापस आ पाएगा या नहीं। केतन की मां ने बताया कि कुल 16 लोग हिरासत में थे, जिनमें से 8 को छोड़ दिया गया है, जबकि बाकी 8 अब भी जेल में हैं। परिवार को उम्मीद थी कि केतन की भी रिहाई होगी, लेकिन क्षेत्र में बढ़ते तनाव ने उनकी चिंता और बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि सरकार से यही अपील है कि हमारे बच्चे, चाहे कैसे भी हों, सुरक्षित वापस भारत लाए जाएं। उन्होंने बताया कि शुरुआत में परिवार के साथ कोई संपर्क नहीं हो पा रहा था। बाद में जब एम्बेसी के अधिकारी वहां पहुंचे तो बातचीत शुरू हुई और केतन रोज फोन करने लगा। परिवार का कहना है कि ईरान में स्थिति बहुत खराब है और वहां हालात लगातार बिगड़ रहे हैं।
उनके मुताबिक, यह उनके लिए बहुत डरावना समय है क्योंकि वे नहीं जानते कि उनके बच्चे सुरक्षित हैं या नहीं। केतन की शादी अभी नहीं हुई है। केतन ने मर्चेंट नेवी इसलिए जॉइन की थी क्योंकि वह अपने पिता का सपना पूरा करना चाहता था, जो वे खुद पूरा नहीं कर पाए थे। केतन की बहन किरण, जो मुंबई में रहती हैं, सूचना मिलने के बाद तुरंत गाजियाबाद पहुंच गईं। उन्होंने बताया कि उन्हें पहले जानकारी मिली थी कि केतन को छोड़ा जा सकता है, लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए अब परिवार सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग कर रहा है। परिवार चाहता है कि कोई भी प्रयास करके उनके बेटे को सुरक्षित घर वापस लाया जाए।
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