दक्षिण कोरिया के लिए नरम हुईं किम जोंग उन की बहन यो, आखिर वजह क्या?
सोल। नॉर्थ कोरिया के नेता किम जोंग-उन की ताकतवर बहन किम यो-जोंग ने पड़ोसी देश साउथ कोरिया की प्रशंसा की है। गुरुवार को उन्होंने उस देश की तारीफ की जिसे वो हमेशा से ही अपना दुश्मन बताती आई हैं। दरअसल, ये बदलाव सोल की तरफ से दिए उस बयान के बाद आया है जिसमें उसने प्योंगयांग में हुई ड्रोन घुसपैठ पर अफसोस जताया था। योनहाप न्यूज एजेंसी के अनुसार, यो ने गुरुवार को कहा कि वह साउथ कोरिया के वादे और दावे की "बहुत तारीफ करती हैं," जिसमें उन्होंने (सोल) ड्रोन घुसपैठ को लेकर अपनी गलती मानी है और बॉर्डर पर चौकसी बढ़ाने का वादा भी किया है। पार्टी की उप-विभाग निदेशक किम यो-जोंग ने कोरियन सेंट्रल न्यूज एजेंसी (केसीएनए) के जरिए यह बयान तब जारी किया जब एक दिन पहले दक्षिण कोरिया के यूनिफिकेशन मिनिस्टर चुंग डोंग-यंग ने नॉर्थ कोरिया में ड्रोन हमलों पर "अफसोस" जताया था और इसे दोबारा होने से रोकने के लिए कई उपायों की घोषणा की थी।
ये भी पढ़ें गुजरात सरकार ने पेश किया अब तक का सबसे बड़ा बजट, 4.08 लाख करोड़ रुपए के प्रस्तावों की घोषणाकिम ने बयान में कहा, "मैं आरओके (रिपब्लिक ऑफ कोरिया) के यूनिफिकेशन मिनिस्टर चुंग डोंग-यंग की बहुत तारीफ करती हूं, जिन्होंने हमारे एयरस्पेस में हुई ड्रोन घुसपैठ को आधिकारिक तौर पर स्वीकार कर लिया है, और एक बार फिर अफसोस जताते हुए इसे दोबारा होने से रोकने का वादा किया है।" पिछले दिन एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में, चुंग ने माना कि एक जांच के नतीजों के आधार पर, साउथ कोरियाई लोगों ने पिछले सितंबर और फरवरी के बीच चार बार नॉर्थ कोरिया में ड्रोन भेजे थे, इसमें वो दो भी शामिल हैं जिसका नॉर्थ कोरिया ने जिक्र किया था।
ये भी पढ़ें लखनऊ यूनिवर्सिटी में गरमाई सियासत: मोहन भागवत के दौरे का विरोध, NSUI कार्यकर्ता हिरासत में
चुंग ने कहा कि सोल नॉर्थ कोरिया के साथ सस्पेंड किए गए 2018 के मिलिट्री समझौते की समीक्षा करेगा और उसे फिर से लागू करने की कोशिश करेगा। इस डील का मकसद नॉर्थ कोरिया के बीच बॉर्डर पर और उनकी सेनाओं के बीच दुश्मनी को रोकना है, जिसमें नो-फ्लाई जोन भी शामिल है, ताकि नॉर्थ कोरिया में ड्रोन घुसपैठ को दोबारा होने से रोका जा सके। इसी साल जनवरी में, प्योंगयांग ने सोल पर सितंबर 2025 और 4 जनवरी 2026 को सर्विलांस इक्विपमेंट से लैस ड्रोन भेजने का आरोप लगाया था, जिसके बाद साउथ कोरियाई सरकार ने आधिकारिक जांच शुरू कर दी थी। किम ने चेतावनी दी थी कि अगर ऐसा दोबारा हुआ तो साउथ कोरिया को "भयानक नतीजे" भुगतने होंगे, "चाहे मास्टरमाइंड कोई भी हो और इसे किसी भी तरीके से किया गया हो।"
रॉयल बुलेटिन से जुड़ें:
देश-प्रदेश की ताज़ा ख़बरों को सबसे पहले पढ़ने के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल को फॉलो करें:
आपको यह खबर कैसी लगी? अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में ज़रूर दे। आपकी राय रॉयल बुलेटिन को और बेहतर बनाने में बहुत उपयोगी होगी।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

टिप्पणियां