मुजफ्फरनगर पुलिस का बड़ा धमाका: 80 करोड़ की साइबर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के 6 शातिर गिरफ्तार
देशभर के 150 बैंक खातों से जुड़ा है नेटवर्क, 'प्रतिबिंब' पोर्टल की मदद से थाना फुगाना और साइबर सेल ने किया भंडाफोड़
मुजफ्फरनगर। जनपद में साइबर अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना फुगाना और साइबर क्राइम थाने की संयुक्त टीम को ऐतिहासिक सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने एक ऐसे अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है जिसने देशभर के भोले-भाले लोगों से करीब 80 करोड़ रुपये की ठगी की है। पुलिस ने गिरोह के छह शातिर सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जबकि दो आरोपी अभी भी फरार हैं। एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने इस बड़ी कामयाबी पर पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
150 से अधिक बैंक खातों का मायाजाल
एसपी देहात आदित्य बंसल ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि ठगों के पास से बरामद मोबाइल फोन और दस्तावेजों की जांच में 150 से अधिक बैंक खातों का पता चला है। इन खातों में करीब 80 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी के प्रमाण मिले हैं। गिरोह के खिलाफ महाराष्ट्र, दिल्ली, गुजरात, तमिलनाडु और केरल सहित कई राज्यों में 100 से अधिक शिकायतें दर्ज हैं। गृह मंत्रालय के 'प्रतिबिंब' पोर्टल पर मिली शिकायतों के आधार पर जब जांच शुरू हुई, तो ठगी के तार मुजफ्फरनगर से जुड़े मिले।
ऐसे देते थे वारदात को अंजाम
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे पैसों का लालच देकर ग्रामीणों और सीधे-साधे लोगों के आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक खाते ले लेते थे। इन फर्जी खातों और सिम कार्ड्स को वे देश-विदेश में बैठे बड़े साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराते थे। फ्रॉड की रकम इन खातों में मंगवाई जाती थी, जिसमें से ये अपना मोटा कमीशन काटकर बाकी पैसा ट्रांसफर कर देते थे। गिरोह के सदस्य एटीएम के जरिए नकदी निकालने और फर्जी हस्ताक्षर कर चेक का उपयोग करने में भी माहिर थे।
गिरफ्तार आरोपी और बरामदगी
पुलिस ने अक्षय (फुगाना), हर्ष आर्य (भोपा), भव्यांश (भोपा), आर्यन (नई मंडी), सचिन (गाजियाबाद) और हरेन्द्र (हरिद्वार) को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 9 मोबाइल फोन, 12 एटीएम कार्ड, 7 फिनो बैंक की प्री-एक्टीवेटेड किट, कंप्यूटर सेट, प्रिंटर, वाई-फाई राउटर, चेक बुक और नगदी बरामद हुई है। फरार आरोपी राजा और अनुराग की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है।
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लेखक के बारे में
कुलदीप सिंह वर्ष 2003 से निरंतर रॉयल बुलेटिन संस्थान के साथ जुड़े हुए हैं। पिछले दो दशकों से अधिक समय से वह संस्थान की प्रगति में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
वर्तमान में वह कंप्यूटर विभाग में वरिष्ठ भूमिका निभाने के साथ-साथ संपादकीय टीम के एक प्रमुख स्तंभ हैं। तकनीकी कार्यप्रणाली पर गहरी पकड़ और संपादकीय समझ के समन्वय के साथ कुलदीप सिंह समाचार पत्र और डिजिटल पोर्टल की गुणवत्ता को निरंतर नई ऊंचाइयों पर ले जा रहे हैं।

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