मुजफ्फरनगर: गैस किल्लत की खबरों पर डीएम का कड़ा रुख; व्यावसायिक सिलेंडर के लिए बनी 'प्रायोरिटी लिस्ट', पैनिक न होने की अपील

मुजफ्फरनगर। जनपद में एलपीजी (LPG) की आपूर्ति को लेकर फैली भ्रांतियों और व्यावसायिक सिलेंडरों की उपलब्धता को लेकर जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने आज कलेक्ट्रेट में बड़ी बैठक की। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनपद में गैस और पेट्रोलियम पदार्थों की कोई कमी नहीं है, इसलिए जनता किसी भी स्थिति में पैनिक न हो। बैठक में मुजफ्फरनगर क्षेत्र के समस्त गैस विक्रय अधिकारी और वितरक मौजूद रहे।
कमर्शियल सिलेंडरों के लिए 'थ्री-स्टेप' फॉर्मूला
बैठक में बीपीसी (BPC) के विक्रय अधिकारी ने अवगत कराया कि घरेलू गैस की पर्याप्त उपलब्धता है, लेकिन व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को कमर्शियल सिलेंडर मिलने में कुछ कठिनाई आ रही है। इसके समाधान के लिए जिलाधिकारी ने प्राथमिकता तय की है:
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प्रथम चरण: 11 चिन्हित क्षेत्रों में से सबसे पहले 04 आवश्यक सेवा वाले कमर्शियल क्षेत्रों को सिलेंडर दिए जाएंगे।
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द्वितीय चरण: इसके बाद अर्द्ध-कॉमर्शियल (Semi-commercial) क्षेत्रों को आपूर्ति होगी।
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तृतीय चरण: अंत में उपलब्धता के आधार पर शेष व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को गैस दी जाएगी।
होम डिलीवरी पर जोर, गोदामों पर सीसीटीवी अनिवार्य
जिलाधिकारी ने गैस वितरकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बुकिंग के बैकलॉग के आधार पर ही आपूर्ति की जाए। उन्होंने कहा:
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होम डिलीवरी बढ़ाएं: अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को घर पर ही गैस पहुंचाई जाए ताकि गोदामों पर भीड़ न लगे और अव्यवस्था न फैले।
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मिड-डे-मील को प्राथमिकता: स्कूलों में मिड-डे-मील के लिए गैस आपूर्ति बाधित न हो। यदि किसी स्कूल में कनेक्शन नहीं है, तो तत्काल नया कनेक्शन जारी किया जाए।
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सुरक्षा और निगरानी: सभी वितरक अपने गोदामों पर सक्रिय CCTV कैमरे लगवाएं ताकि असामाजिक तत्वों पर नजर रखी जा सके। हॉकरों की रैंडम चेकिंग भी की जाए।
नया नियम: PNG और LPG में से रखना होगा एक ही कनेक्शन
जिलाधिकारी ने तरलीकृत पेट्रोलियम गैस संशोधन आदेश-2026 का हवाला देते हुए बड़ी अपील की है। अब पाइप वाली प्राकृतिक गैस (PNG) और घरेलू सिलेंडर (LPG) दोनों कनेक्शन एक साथ रखना गैर-कानूनी है। ऐसे परिवार जिनके पास दोनों कनेक्शन हैं, उन्हें तत्काल अपना LPG कनेक्शन सरेंडर करना होगा। वे न तो बुकिंग करा सकेंगे और न ही रिफिल प्राप्त कर पाएंगे।
बुकिंग के लिए समय सीमा और डिजिटल माध्यम
गैस कंपनियों ने रिफिल बुकिंग के लिए नए अंतराल तय किए हैं:
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ग्रामीण क्षेत्र: पिछला रिफिल प्राप्त करने के 45 दिन बाद अगली बुकिंग।
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शहरी क्षेत्र: पिछला रिफिल प्राप्त करने के 25 दिन बाद अगली बुकिंग।
उपभोक्ताओं से अपील की गई है कि वे ई-केवाईसी (e-KYC) और बुकिंग के लिए वितरकों के पास भीड़ न लगाएं। वे संबंधित कंपनी के मोबाइल ऐप या एसएमएस/कॉल नंबर के माध्यम से घर बैठे ही यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
चेतावनी: जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिए हैं कि घरेलू सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग (होटल, रेस्टोरेंट, ढाबे या ठेलों पर) पाए जाने पर कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यदि किसी वितरक की संलिप्तता मिली, तो उनका लाइसेंस भी खतरे में पड़ सकता है।
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