यूपी के लेखपालों को अब गांव में ही डालना होगा डेरा, पंचायत भवनों में बनेगा 'लेखपाल कक्ष'
लखनऊ | उत्तर प्रदेश सरकार ने ग्रामीण जनता के लिए राजस्व सेवाओं को और अधिक सुलभ बनाने के लिए नया आदेश जारी किया है। अब प्रदेश के प्रत्येक राजस्व लेखपाल को उनके हलके (क्षेत्र) के गांव में ही रहना होगा। इसके लिए पंचायत भवन परिसर में विशेष रूप से एक कक्ष का निर्माण किया जाएगा।
जिलाधिकारियों को दिए गए निर्देश
राजस्व परिषद ने समस्त जिलाधिकारियों को पत्र जारी कर तत्काल रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं। इसमें दो मुख्य बिंदुओं पर जानकारी मांगी गई है:
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स्थल उपलब्धता: पंचायत भवन परिसर में निर्माण के लिए पर्याप्त स्थान है या नहीं।
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मुख्यालय निर्धारण: ग्राम पंचायत और लेखपाल हलके की सीमाओं में अंतर होने के कारण मुख्य केंद्र (Headquarter) किस आधार पर तय होगा।
इसके अलावा सभी जिलों को यह डेटा एक निर्धारित गूगल शीट लिंक पर अपलोड करने का निर्देश दिया गया है।
ग्रामीणों को होगा फायदा
इस आदेश के लागू होने के बाद लेखपालों को अपने हलके में रात गुजारना और नियमित रूप से उपस्थित रहना अनिवार्य होगा। इससे ग्रामीणों को आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र और जमीन से जुड़े पैमाइश कार्यों के लिए तहसील या मुख्यालय तक नहीं जाना पड़ेगा।
अंजू कटियार ने कहा, "राजस्व लेखपालों हेतु उनके हलके में पंचायत भवन के परिसर में 01 कक्ष के निर्माण के सम्बन्ध में सूचना/आख्या तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।"
यह कदम ग्रामीण जनता के लिए राजस्व सेवाओं को अधिक पारदर्शी, तेज़ और सुविधाजनक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।
