बीएचयू की काजल यादव ने रचा इतिहास, खेलो इंडिया के लिए क्वालीफाई करने वाली पहली छात्रा बनीं
वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) की छात्रा काजल यादव ने बॉक्सिंग खेल में शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया है। उन्होंने 45–48 किलोग्राम भार वर्ग में मेजबान लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) की खिलाड़ी को पराजित कर खेलो इंडिया के लिए क्वालीफाई किया। इसके साथ ही वह इस उपलब्धि को हासिल करने वाली बीएचयू की पहली महिला खिलाड़ी बन गई हैं।
काजल यादव वर्तमान में बीएचयू साई हॉस्टल में रहकर नियमित प्रशिक्षण प्राप्त कर रही हैं। अपनी इस सफलता का श्रेय उन्होंने कोच एम.एस. पूजा यादव, रमेश कुमार और नरेंद्र बिष्ट को दिया, जिनके मार्गदर्शन में उन्होंने लगातार मेहनत और अभ्यास किया। बीएचयू बॉक्सिंग के प्रभारी डॉ. वैभव राय ने बताया कि काजल यादव बॉक्सिंग के क्षेत्र में खेलो इंडिया के लिए क्वालीफाई करने वाली पहली महिला खिलाड़ी बन गई हैं, जो विश्वविद्यालय के लिए अत्यंत गर्व की बात है।
महिला बॉक्सिंग की चेयरपर्सन डॉ. सरिता परिहार ने इस उपलब्धि पर काजल यादव को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। वहीं, विश्वविद्यालय क्रीड़ा परिषद के महासचिव प्रोफेसर ए.के. नेमा ने इसे विश्वविद्यालय के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए काजल यादव को बधाई दी। साथ ही उन्होंने डॉ. वैभव राय को भी बधाई देते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन में विश्वविद्यालय में बॉक्सिंग का स्तर लगातार ऊँचा हो रहा है और खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं।
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मूल रूप से गोरखपुर की रहने वाली अर्चना सिंह वर्तमान में 'रॉयल बुलेटिन' में ऑनलाइन न्यूज एडिटर के रूप में कार्य कर रही हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों से अधिक का गहरा अनुभव है। नोएडा के प्रतिष्ठित 'जागरण इंस्टीट्यूट' से इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया में मास्टर्स की डिग्री प्राप्त अर्चना सिंह ने अपने करियर की शुरुआत 2013 में पुलिस पत्रिका 'पीसमेकर' से की थी। इसके उपरांत उन्होंने 'लाइव इंडिया टीवी' और 'देशबंधु' जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दीं।
वर्ष 2017 से 'रॉयल बुलेटिन' परिवार का अभिन्न अंग रहते हुए, वे राजनीति, अपराध और उत्तर प्रदेश के सामाजिक-सांस्कृतिक मुद्दों पर प्रखरता से लिख रही हैं। गोरखपुर की मिट्टी से जुड़े होने के कारण पूर्वांचल और पूरे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर उनकी विशेष पकड़ है।

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