मुजफ्फरनगर: विकास भवन में अधिशासी अभियंता और कर्मचारी के बीच भिड़ंत, अभद्रता के विरोध में कार्य बहिष्कार
अधिकारी पर परिजनों के लिए अशोभनीय टिप्पणी का आरोप; कर्मचारी संगठन ने खोला मोर्चा, स्थानांतरण या लिखित माफी की मांग पर अड़े
मुजफ्फरनगर। विकास भवन स्थित ग्रामीण अभियंत्रण विभाग (RES) में सोमवार को उस समय तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई, जब एक अधिशासी अभियंता पर अपने अधीनस्थ कर्मचारी के साथ अमर्यादित व्यवहार करने का आरोप लगा। घटना से आक्रोशित विकास भवन के कर्मचारियों ने मंगलवार को एकजुट होकर कार्य बहिष्कार का ऐलान कर दिया और परिसर में ही धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। कर्मचारियों ने दो-टूक कहा है कि जब तक आरोपी अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं होती, तब तक कलम बंद हड़ताल जारी रहेगी।
पूरा मामला ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के वरिष्ठ सहायक सुमित कुमार शर्मा से जुड़ा है। सुमित कुमार ने मुख्य विकास अधिकारी (CDO) को सौंपे शिकायती पत्र में आरोप लगाया कि अधिशासी अभियंता अनिल कुमार ने उन्हें अपने कक्ष में बुलाया और बिना किसी ठोस कारण के उनके साथ गाली-गलौज व अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया। पीड़ित का दावा है कि अधिकारी ने उनके परिजनों के खिलाफ भी बेहद आपत्तिजनक और अशोभनीय टिप्पणियां कीं, जिससे उनके आत्मसम्मान को ठेस पहुँची है।
संगठन ने दी उग्र आंदोलन की चेतावनी
ये भी पढ़ें मुज़फ्फरनगर में प्रकाश चौक स्थित रूप फर्नीचर शोरूम पर जीएसटी विभाग का छापा; ₹2.50 लाख का जुर्मानाघटना की सूचना मिलते ही विकास भवन कर्मचारी संगठन की आपात बैठक हुई, जिसमें सर्वसम्मति से कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया गया। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि किसी भी कर्मचारी का मानसिक उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कर्मचारियों ने मांग की है कि या तो आरोपी अधिशासी अभियंता का तत्काल प्रभाव से स्थानांतरण किया जाए या फिर वे सार्वजनिक रूप से लिखित माफी मांगें। चेतावनी दी गई है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ, तो विकास भवन के सभी विभागों का कामकाज ठप कर दिया जाएगा।
ये भी पढ़ें पटना में बिहार अग्निशमन सेवा के आईजी एम. सुनील नायक के आवास पर आंध्र प्रदेश पुलिस की छापेमारीप्रशासनिक कार्यों पर पड़ा असर
मंगलवार को कामकाज बंद रहने के कारण विकास भवन आए लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कर्मचारी संगठन ने स्पष्ट कर दिया है कि वे अपनी मांगों को लेकर पीछे नहीं हटेंगे। फिलहाल सभी की निगाहें मुख्य विकास अधिकारी की मध्यस्थता और उनके अगले कदम पर टिकी हैं। कर्मचारियों का कहना है कि इस दौरान सरकारी कार्यों में होने वाली किसी भी बाधा की पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
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लेखक के बारे में
पिछले 15 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय मौहम्मद शाहनवाज मुज़फ्फरनगर के एक प्रतिष्ठित और विश्वसनीय पत्रकार हैं। वर्तमान में आप राष्ट्रीय सहारा के जिला प्रभारी (मुज़फ्फरनगर) के रूप में कार्यरत हैं और साथ ही उत्तर प्रदेश के प्रमुख मीडिया संस्थान रॉयल बुलेटिन में संवाद सहयोगी की महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। डेढ़ दशक के लंबे अनुभव के साथ मौ. शाहनवाज ने अपनी प्रखर लेखनी से राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर गहरी छाप छोड़ी है। उनसे मोबाइल नंबर 9058673434 पर संपर्क किया जा सकता है।

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