मध्यप्रदेशः श्योपुर के बंदड़ी गांव में ‘अपनी पाठशाला’ का आगाज, गरीब बच्चों को मिलेगी निशुल्क शिक्षा
मध्यप्रदेश। दिल्ली की अग्रणी सामाजिक संस्था सोशल फाउंडेशन ने मध्यप्रदेश के श्योपुर जिले में अपने महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट ‘चलो गांव : सर्वांगीण विकास मिशन’ का विधिवत शुभारंभ कर दिया है। रविवार को बड़ौदा तहसील के बंदड़ी गांव में आयोजित एक गरिमामयी कार्यक्रम में संस्था द्वारा ‘अपनी पाठशाला’ कोचिंग सेंटर की शुरुआत की गई। इस केंद्र के माध्यम से कक्षा एक से दसवीं तक के छात्र-छात्राओं को योग्य शिक्षकों द्वारा निशुल्क शिक्षा प्रदान की जाएगी। मिशन के पहले चरण में संस्था ने क्षेत्र के गरीब परिवारों के सौ बच्चों को स्कूल बैग वितरित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सोशल फाउंडेशन के अध्यक्ष धर्मेन्द्र कुमार ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, लेकिन अक्सर संसाधनों के अभाव में बच्चे पीछे रह जाते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि शिक्षा ही वह एकमात्र आधार है जिससे बच्चों में आत्मविश्वास पैदा किया जा सकता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस प्रोजेक्ट का उद्देश्य केवल शिक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि आने वाले समय में गांव के विकास, सामुदायिक स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, कृषि सुधार, जल संरक्षण और नशा मुक्ति जैसे क्षेत्रों में भी संस्था सक्रियता से कार्य करेगी। अध्यक्ष ने ग्रामीण बच्चों को डिजिटल क्रांति और तकनीकी ज्ञान से जोड़ने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
ये भी पढ़ें महाराष्ट्र के नागपुर में विस्फोटक निर्माण कंपनी एसबीएल में धमाका, 15 की मौत, 18 से अधिक मजदूर घायल संस्था के महासचिव नवीन कुमार ने बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ-साथ बेहतर स्वास्थ्य और पोषण को अनिवार्य बताया। उन्होंने ग्रामीणों को कुपोषण के प्रति सचेत करते हुए नियमित स्वास्थ्य जांच और स्वच्छता के महत्व को समझाया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित ग्राम पंचायत हलगावाड़ा खुर्द के सरपंच मुकेश कुमार आंकोदिया ने केंद्र व राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने ग्रामीणों से आह्वान किया कि वे सरकारी योजनाओं का लाभ उठाएं और बच्चों को निरंतर स्कूल भेजें ताकि गांव का नाम रोशन हो सके।
इस अवसर पर वरिष्ठ पत्रकार राजकुमार आंकोदिया ने समाज के अंतिम पायदान पर खड़े वंचित वर्ग के बच्चों की समस्याओं को उठाते हुए सामाजिक संगठनों की भूमिका को सराहा। प्रोजेक्ट के संयोजक हरिओम आंकोदिया ने पूरी जिम्मेदारी के साथ जमीनी स्तर पर कार्य करने का संकल्प दोहराया। कार्यक्रम में क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों, शिक्षकों और ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में शिरकत की। उपस्थित लोगों ने सोशल फाउंडेशन की इस नेक पहल का स्वागत करते हुए विश्वास जताया कि ‘अपनी पाठशाला’ के माध्यम से गांव के शैक्षणिक स्तर में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।
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