भगवा गुलाल की रिकॉर्ड मांग से गुलजार हुआ बाजार, संभल की गुप्ता कलर कंपनी से देश-विदेश तक पहुंच रहा “सनातनी होली” का रंग
संभल। होली पर्व नजदीक आते ही मुरादाबाद रोड स्थित गुप्ता कलर कंपनी में रंग-गुलाल के कारोबार ने रफ्तार पकड़ ली है। पिछले 45 वर्षों से रंगों का निर्माण कर रही इस प्रतिष्ठित कंपनी में इस बार भगवा गुलाल की रिकॉर्ड मांग देखी जा रही है। कारोबारी हर्ष गुप्ता के अनुसार, इस वर्ष कुल ऑर्डर में 20 से 25 प्रतिशत तक की वृद्धि दर्ज की गई है, जबकि भगवा गुलाल की मांग में 60 से 70 प्रतिशत तक का इजाफा हुआ है, जिससे उत्पादन इकाई में दिन-रात तैयारियां चल रही हैं।
45 वर्षों से रंगों की परंपरा, इस बार भगवा गुलाल बना पहली पसंद
गुप्ता कलर कंपनी पिछले चार दशकों से अधिक समय से होली के रंग-गुलाल का निर्माण कर रही है और देशभर में अपनी पहचान बना चुकी है। कारोबारी हर्ष गुप्ता का कहना है कि इस बार धार्मिक और सांस्कृतिक भावना से जुड़े रंगों की मांग में विशेष बढ़ोतरी हुई है। खासकर “सनातनी होली” की थीम के चलते भगवा गुलाल की मांग धार्मिक स्थलों और शहरों में काफी अधिक हो गई है, जिसके चलते कंपनी ने इस रंग का उत्पादन भी पहले की तुलना में काफी बढ़ा दिया है।
अरारोट और पोटैटो स्टार्च से तैयार होता है सुरक्षित गुलाल
कंपनी में तैयार होने वाला गुलाल अरारोट (मक्का आटा) और पोटैटो स्टार्च से बनाया जाता है, जिससे यह त्वचा के लिए सुरक्षित और साइड इफेक्ट फ्री माना जाता है। निर्माण प्रक्रिया के तहत फूड ग्रेड कलर को बेस सामग्री में मिलाकर करीब आठ दिनों तक धूप में सुखाया जाता है। इसके बाद मशीनों के माध्यम से ग्राइंडिंग और पैकिंग की जाती है, जिससे रंग की गुणवत्ता और महीनता सुनिश्चित की जा सके।
15 प्रकार के गुलाल और आकर्षक फ्लेवर से बाजार में खास पहचान
इस वर्ष कंपनी ने कुल 15 प्रकार के गुलाल तैयार किए हैं, जिनमें चंदन, मिंट, रोज और कोकोनट फ्लेवर विशेष आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। इन रंगों में इस्तेमाल होने वाली खुशबू विशेष रूप से कन्नौज से मंगाई जाती है, जो अपनी पारंपरिक इत्र और सुगंध के लिए प्रसिद्ध है। कंपनी का दावा है कि यह गुलाल न केवल सुरक्षित है, बल्कि सुगंधित होने के कारण ग्राहकों को विशेष अनुभव भी देता है।
छोटे पैक से बड़े ऑर्डर तक, देशभर में हो रही सप्लाई
गुलाल की पैकिंग 80 ग्राम से लेकर 25 किलो तक की जा रही है, जिससे छोटे ग्राहकों से लेकर बड़े व्यापारियों तक सभी की जरूरत पूरी हो सके। कंपनी से हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड, दिल्ली, असम, गोवा और तमिलनाडु समेत 10 से 12 राज्यों में गुलाल की सप्लाई की जा रही है। इसके अलावा एजेंसियों के माध्यम से नेपाल और ऑस्ट्रेलिया तक भी यहां से तैयार गुलाल पहुंच रहा है, जिससे स्थानीय कारोबार को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिल रही है।
होली बाजार को लेकर व्यापारियों में उत्साह, ऐतिहासिक कारोबार की उम्मीद
व्यापारियों का कहना है कि इस बार होली का बाजार पिछले वर्षों की तुलना में अधिक मजबूत और उत्साहपूर्ण नजर आ रहा है। खासकर भगवा रंग की बढ़ती मांग ने कारोबार को नई दिशा दी है। कारोबारियों को उम्मीद है कि इस वर्ष होली पर रंग-गुलाल का कारोबार ऐतिहासिक स्तर पर पहुंचेगा और स्थानीय उद्योग को आर्थिक रूप से बड़ा लाभ मिलेगा।
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लेखक के बारे में
अभिषेक भारद्वाज एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 11 वर्षों से मुरादाबाद मंडल की पत्रकारिता का व्यापक अनुभव है। वे मुरादाबाद के प्रतिष्ठित एसएस न्यूज़ चैनल में संपादकीय प्रभारी जैसे महत्वपूर्ण पद पर कार्य कर चुके हैं। मुरादाबाद की राजनीतिक, सामाजिक और स्थानीय खबरों पर उनकी गहरी पकड़ है। वर्तमान में वे रॉयल बुलेटिन के मुरादाबाद जिला प्रभारी के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

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