मेरठः किसानों का काशी टोल प्लाजा पर हंगामा—गंदे पानी व बदसलूकी के खिलाफ भाकियू का धरना
मेरठ। भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के आह्वान पर आज काशी टोल प्लाजा पर विरोध प्रदर्शन हुआ। सवेरे 7 बजे से 10 बजे तक चलने वाले इस धरने में सैकड़ों किसान और भाकियू कार्यकर्ता शामिल हुए। धरने का कारण था टोल प्लाजा द्वारा किसानों के खेतों में गंदा पानी और वेस्टेज का फैलाया जाना और एक कर्मचारी द्वारा किसानों और कार्यकर्ताओं के साथ किए गए अभद्र व्यवहार के खिलाफ उठी आवाज। भाकियू जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी ने अपनी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि काशी टोल प्लाजा के शौचालय का गंदा पानी और वेस्टेज़ किसानों के खेतों में फैल रहा है। इससे लगभग 15 किसानों के खेतों और चकरोंड जाने वाले रास्ते पर समस्याएं उत्पन्न हो गई हैं।
उन्होंने बताया कि कई बार इस मुद्दे को लेकर शिकायत की गई, लेकिन टोल प्रबंधन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इसके बाद किसानों का धैर्य टूट गया, और भाकियू के कार्यकर्ताओं ने काशी टोल प्लाजा पर जमकर विरोध किया। भाकियू जिला उपाध्यक्ष सनी प्रधान और उनके परिवार के सदस्य, जो गाजियाबाद से एक शादी समारोह से लौट रहे थे, ने भी एक कर्मचारी के साथ अभद्र व्यवहार का सामना किया।
यह व्यक्ति न केवल सनी प्रधान से बदसलूकी करता था, बल्कि वह किसानों और अन्य व्यक्तियों के साथ आए दिन ऐसे व्यवहार करता था। सनी प्रधान ने जब अपना परिचय और आई कार्ड दिखाया, तो भी कर्मचारी ने उन्हें नशे में धुत होकर अपमानित किया। इस घटना के बाद, जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी ने धरने का निर्णय लिया और अपने कार्यकर्ताओं के साथ काशी टोल पर विरोध शुरू कर दिया।
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