बसपा विधायक के ठिकानों पर आयकर विभाग का बड़ा छापा: 11 करोड़ से ज्यादा कैश और कीमती जेवर बरामद
1000 करोड़ की टैक्स चोरी का है शक; बेटे ने कहा- जांच में दे रहे हैं पूरा सहयोग, मायावती और मंत्री दिनेश सिंह ने दिया बयान
लखनऊ - बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के विधायक उमा शंकर सिंह और उनके करीबियों के ठिकानों पर आयकर विभाग (IT) की छापेमारी दूसरे दिन भी जारी रही। लखनऊ, सोनभद्र, कौशांबी और बलिया में फैली इस कार्रवाई में अब तक करीब 11.5 करोड़ रुपये नकद, महंगी घड़ियाँ, सोना-चांदी और कीमती जेवर बरामद हुए हैं। आयकर विभाग की टीम 1000 करोड़ रुपये से अधिक की कथित टैक्स चोरी के मामले में दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को खंगाल रही है।
जांच की अनूठी रणनीति
बुधवार को शुरू हुई इस छापेमारी के लिए आयकर विभाग ने एक विशेष रणनीति अपनाई। सोनभद्र में छात्रशक्ति कंस्ट्रक्शन के ऑफिस में तैनात 24 अधिकारी 'बाराती' बनकर पहुंचे थे। उनकी गाड़ियों पर शादी के पंपलेट लगे हुए थे, जिससे किसी को भनक तक नहीं लगी। लखनऊ में 50 अधिकारियों ने बुधवार सुबह से गुरुवार सुबह तक सघन तलाशी अभियान चलाया। फिलहाल बलिया और अन्य स्थानों पर कार्रवाई जारी है। आयकर विभाग ने अभी तक कोई अधिकृत बयान तो जारी नहीं किया लेकिन रिपोर्टों के मुताबिक 11 करोड़ से ज़्यादा का कैश बरामद बताया जा रहा है।
परिवार और सहयोगियों का पक्ष
ये भी पढ़ें मोरना हत्याकांड: पिता के कातिल बेटियों को मिले कड़ी सजा, माँ और भाई ने रोते हुए की इंसाफ की मांगइस कार्रवाई पर विधायक के बेटे युकेश सिंह ने 'एक्स' पर बयान जारी कर स्पष्ट किया कि उनका परिवार आयकर विभाग के अधिकारियों के साथ पूरी तरह सहयोग कर रहा है। उन्होंने बताया कि उनके पिता उमा शंकर सिंह अस्वस्थ हैं और हाल ही में अमेरिका से इलाज कराकर लौटे हैं, वे भी अधिकारियों की जांच में पूरा साथ दे रहे हैं।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
इस छापेमारी को लेकर राजनीतिक गलियारों में भी हलचल है। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और बसपा सुप्रीमो मायावती ने सोशल मीडिया पर इस कार्रवाई को 'मानवता के खिलाफ' बताया है। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि भाजपाई यह भी नहीं देखते कि कोई व्यक्ति किसी अति गंभीर बीमारी से जूझ रहा है या किसी परेशानी में है। उन्होंने आरोप लगाया कि धन के लालची भाजपाई ऐसी 'आपदा' के समय 'अवसर' तलाशते हैं। उन्होंने दावा किया कि भाजपाई पीड़ित को उत्पीड़ित करने का कुकृत्य कर रहे हैं।
वहीं, योगी सरकार में मंत्री दिनेश सिंह, जो उमाशंकर सिंह के समधी भी हैं, ने भावुक बयान देते हुए कहा, "एक बेटी का बाप होने के नाते मैं उसके सुख-दुख में खड़ा रहूंगा। बेटी नहीं छोड़ी जा सकती, राजनीति छोड़ी जा सकती है।"
रॉयल बुलेटिन से जुड़ें:
देश-प्रदेश की ताज़ा ख़बरों को सबसे पहले पढ़ने के लिए हमारे सोशल मीडिया हैंडल को फॉलो करें:
आपको यह खबर कैसी लगी? अपनी राय नीचे कमेंट बॉक्स में ज़रूर दे। आपकी राय रॉयल बुलेटिन को और बेहतर बनाने में बहुत उपयोगी होगी।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
यह 'रॉयल बुलेटिन' न्यूज़ नेटवर्क का आधिकारिक संपादकीय डेस्क (Editorial Desk) है। यहाँ से मुज़फ्फरनगर, नोएडा और देशभर के हमारे विस्तृत रिपोर्टिंग नेटवर्क से प्राप्त समाचारों को प्रमाणित और संपादित करने के बाद पाठकों तक पहुँचाया जाता है। हमारी डेस्क टीम 24x7 सक्रिय रहती है ताकि आप तक सबसे सटीक, विश्वसनीय और निष्पक्ष खबरें बिना किसी देरी के पहुँच सकें। न्यूज़ रूम से संबंधित सूचनाओं और प्रेस विज्ञप्ति के लिए आप हमें news@royalbulletin.in पर संपर्क कर सकते हैं।

टिप्पणियां