सहारनपुर अधिवक्ता एसोसिएशन चुनाव 2026: प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच का पलड़ा भारी
सहारनपुर। सहारनपुर अधिवक्ता एसोसिएशन के आगामी 16 जनवरी को होने वाले चुनाव को लेकर अधिवक्ताओं में उत्साह की लहर है। एसोसिएशन के सभी 11 पदो पर बाबू बिशम्भर सिंह गुट व प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच ने अपने-अपने प्रत्याशी चुनाव मैदान में उतारे है। जिसके चलते इस बार चुनाव में प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच का पलड़ा भारी नजर आ रहा है।
गौरतलब है कि सहारनपुर अधिवक्ता एसोसिएशन के वार्षिक चुनाव का बिगुल बज चुका है। आज मुख्य चुनाव अधिकारी सतपाल सिंह सैनी, चुनाव अधिकारी अक्षय मित्र वत्स, राधेश्याम पुंडीर, सुनील पुंडीर, शहजाद खान की देखरेख में शुरू हुए वार्षिक चुनाव में आज एक ओर जहां बिशम्भर सिंह पुंडीर गुट व प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच ने सभी 11 पदो पर अपने प्रत्याशी चुनाव मैदान में उतार दिये है, वहीं दूसरी ओर मौ.शाकिब ने सहसचिव पद पर निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में अपनी ताल ठोक दी है। विगत् दो चुनाव में सहारनपुर अधिवक्ता एसोसिएशन के सभी पदो पर बाबू बिशम्भर सिंह के गुट ने जीत हासिल की है, परन्तु इस बार प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच ने अध्यक्ष पद पर रविश कुमार माहेश्वरी व महासचिव पद पर पालम राणा को अपना प्रत्याशी बनाया है। रविश कुमार माहेश्वरी जहां पूर्व में एसोसिएशन के महासचिव का चुनाव जीत चुके है, वहीं दूसरी ओर राजपूत बिरादरी से ताल्लुक रखने वाले पालम राणा गत् वर्ष के चुनाव में महासचिव पद पर निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में 288 मत प्राप्त कर अपनी मजबूत पकड़ को साबित कर चुके है।
सहारनपुर की राजनीति मे विशेष पहचान रखने पूर्व विधायक महावीर सिंह राणा के परिवार से ताल्लुक रखने के साथ-साथ पालम राणा छात्र राजनीति मंे भी अपनी मजबूत पकड़ को साबित कर चुके है। पालम राणा की व्यवहार कुशलता व लोकप्रियता के चलते इस बार प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच का पलड़ा भारी नजर आ रहा है, क्योंकि पूर्व में भी सहारनपुर अधिवक्ता एसोसिएशन के चुनाव मे हर साल नया पैनल जीतता आ रहा था, परन्तु गत दो चुनाव में बाबू बिशम्भर सिंह गुट ने एक तरफा जीत हासिल की थी जिससे इस बार के चुनाव में अधिवक्ता बदलाव का मन बनाये हुए है।
जिसके चलते चुनाव में मुकाबला रोमांचक बनने के आसार हो गए है। प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच ने इस बार भ्रष्टाचार को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने सभी अधिवक्ताआंे के लिए नये चैम्बर का निर्माण, एसोसिएशन के फंड के जमा और खर्च का पारदर्शी विवरण, अनावश्यक हड़तालों को नियंत्रित करने, किसी भी अधिवक्ता के कोर्ट आते व जाते समय दुर्घटना में घायल होने पर तत्काल वित्तीय सहायता तथा मृत्यु होने की स्थिति मंे परिवार को बिना किसी भेदभाव के सात दिन के अंदर समान रूप से वित्तीय सहायता प्रदान करने की घोषणा की है, जिससे अधिकांश युवा अधिवक्ताआंे का झुकाव प्रगतिशील अधिवक्ता एकता मंच की ओर दिखायी दे रहा है।
